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मुगलसराय में 92 साल पुराना बजरंगबली मंदिर को हटाया गया, 1 महीने में नए मंदिर के निर्माण का आश्वासन

पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर (मुगलसराय) में सड़क चौड़ीकरण परियोजना के तहत 92 वर्ष पुराने बजरंगबली मंदिर को हटाया गया। प्रशासन, मंदिर समिति और निर्माण कंपनी के बीच सहमति बनी है। एक माह के भीतर उसी स्थान पर नए मंदिर के निर्माण और पुनः प्राण प्रतिष्ठा का आश्वासन दिया गया है।

 

वाराणसी/चंदौली: पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर (मुगलसराय) में सड़क चौड़ीकरण परियोजना के तहत मंगलवार को 92 वर्ष पुराने बजरंगबली मंदिर को हटाया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं की भावनाएं जुड़ी होने के कारण क्षेत्र में चर्चा का माहौल रहा। हालांकि मंदिर के पुनर्निर्माण को लेकर हुए समझौते के बाद लोगों ने राहत की सांस ली।

मंदिर समिति और निर्माण कंपनी के बीच बनी सहमति

जानकारी के अनुसार सड़क चौड़ीकरण कार्य में मंदिर और नाली बाधा बन रहे थे। इसको लेकर मंदिर समिति, प्रशासन और निर्माण कंपनी के बीच लिखित सहमति बनी। तय हुआ कि मंदिर में स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा को अस्थायी रूप से मंदिर के सामने बनाए गए चबूतरे पर विधि-विधान के साथ स्थापित किया जाएगा।

उसी स्थान पर बनेगा नया मंदिर

समझौते के तहत पुराने मंदिर के स्थान पर ही नया मंदिर बनाया जाएगा। प्रस्तावित मंदिर की लंबाई 32 फीट और चौड़ाई 8 फीट होगी। इसमें पुजारी कक्ष की भी व्यवस्था की जाएगी। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद हनुमान जी की प्रतिमा की पुनः प्राण प्रतिष्ठा कराई जाएगी।

92 वर्षों से आस्था का केंद्र रहा मंदिर

मंदिर के पुजारी श्याम सुंदर तिवारी ने बताया कि यह मंदिर करीब 92 वर्ष पुराना था और क्षेत्र के लोगों की आस्था का प्रमुख केंद्र रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की मांग थी कि मंदिर को उसी स्थान और पुराने स्वरूप के अनुरूप दोबारा बनाया जाए। प्रशासन ने एक माह के भीतर निर्माण कार्य पूरा कराने का आश्वासन दिया है।

पहले भी मांगा गया था समय

पुजारी के अनुसार पहले निर्माण कार्य के लिए 10 दिन और बाद में 15 दिन का समय मांगा गया था, लेकिन काम पूरा नहीं हो सका। अब अधिकारियों ने एक माह के भीतर मंदिर निर्माण पूरा कराने का भरोसा दिया है। इसी आश्वासन के बाद मंदिर समिति और स्थानीय लोगों ने सहमति जताई है।