होली से पहले बड़ी कार्रवाई: अकाल तख्त एक्सप्रेस से 1.75 करोड़ नकद बरामद, दो गिरफ्तार
चंदौली। होली के मद्देनजर चल रही सघन चेकिंग के बीच जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने शुक्रवार देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए अकाल तख्त एक्सप्रेस ट्रेन से 1.75 करोड़ रुपये नकद बरामद किए। इस दौरान दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। दोनों एसी कोच में सवार होकर यह रकम लखनऊ से कोलकाता ले जा रहे थे।
सीओ कुंवर प्रभात सिंह ने बताया कि त्योहार को देखते हुए रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। आरपीएफ और जीआरपी की टीम लगातार गश्त कर संदिग्ध व्यक्तियों और सामान की जांच कर रही है। जीआरपी निरीक्षक सुनील कुमार सिंह और आरपीएफ निरीक्षक प्रदीप कुमार रावत की देखरेख में विशेष चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है।
एसी कोच में मिली संदिग्ध नकदी
शुक्रवार रात करीब तीन बजे डाउन अकाल तख्त एक्सप्रेस प्लेटफार्म संख्या एक पर पहुंची। इस दौरान जीआरपी एसआई स्वतंत्र सिंह के नेतृत्व में टीम ने एसी कोच ए-1 की तलाशी ली। जांच के दौरान दो व्यक्ति तीन बैग के साथ संदिग्ध अवस्था में मिले। जब बैग की तलाशी ली गई तो उसमें भारी मात्रा में नकदी बरामद हुई।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपना नाम रितेश पटेल निवासी ठाकुरगंज, लखनऊ और प्रिग्नेश निवासी मेटपुर, खंभाट जिला आनंद, गुजरात बताया। दोनों के पास इतनी बड़ी रकम के संबंध में कोई वैध दस्तावेज नहीं मिले। इसके बाद दोनों को बैग सहित कोतवाली लाया गया।
आयकर विभाग को सौंपी गई जांच
कोतवाली में नकदी की गिनती की गई तो कुल 1.75 करोड़ रुपये पाए गए। जीआरपी ने तत्काल इसकी सूचना आयकर विभाग वाराणसी को दी। मौके पर पहुंची आयकर विभाग की टीम ने रकम और आरोपियों को अपने कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है।
सीओ ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह मामला हवाला कारोबार से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। नकदी को लखनऊ से पश्चिम बंगाल भेजा जा रहा था। हालांकि यह रकम किसे और कहां सौंपनी थी, इसकी जांच की जा रही है। आरोपियों ने बताया कि उन्हें कोलकाता पहुंचने के बाद संपर्क कर आगे की जानकारी दी जानी थी और इसके बदले उन्हें भुगतान किया जाना था।
चुनाव से जोड़कर भी उठे सवाल
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की आहट के बीच इतनी बड़ी नकदी की बरामदगी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। चुनावी माहौल में धनबल और अवैध लेनदेन की आशंका को देखते हुए इस बरामदगी को अहम माना जा रहा है। हालांकि अभी तक किसी राजनीतिक संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।
पुलिस का कहना है कि संयुक्त टीम लगातार सतर्क है और किसी भी प्रकार की तस्करी या अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मामले की विस्तृत जांच आयकर विभाग द्वारा की जा रही है।