दालमंडी में सबसे बड़ी कार्रवाई, 400 पुलिसकर्मियों की निगरानी में चला बुलडोजर, शाम तक 45 मकान ध्वस्त
वाराणसी के दालमंडी इलाके में सड़क चौड़ीकरण परियोजना के तहत 45 मकानों पर बुलडोजर कार्रवाई शुरू हुई। भारी पुलिस बल, ड्रोन निगरानी और प्रशासनिक टीम की मौजूदगी में ध्वस्तीकरण अभियान चलाया गया। 650 मीटर सड़क चौड़ीकरण योजना के तहत कुल 187 प्रॉपर्टी प्रभावित हो रही हैं।
वाराणसी: शहर के सबसे व्यस्त और संवेदनशील इलाकों में शामिल दालमंडी में शनिवार को एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई शुरू हो गई। दालमंडी चौड़ीकरण परियोजना के तहत प्रशासन ने करीब 45 मकानों को तोड़ने की कार्रवाई शुरू की। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पूरे इलाके को पुलिस छावनी में बदल दिया गया है। मौके पर भारी संख्या में पुलिस, पीएसी और पैरामिलिट्री फोर्स तैनात की गई है।
सुबह से ही प्रशासनिक टीम, पीडब्ल्यूडी और नगर निगम के अधिकारी बुलडोजर के साथ मौके पर पहुंच गए थे। कार्रवाई शुरू होने से पहले इलाके में बैरिकेडिंग की गई और ट्रैफिक डायवर्ट किया गया ताकि किसी तरह की अव्यवस्था न हो।
650 मीटर सड़क होगी चौड़ी
दालमंडी सड़क चौड़ीकरण योजना के तहत लगभग 650 मीटर लंबी सड़क को 17.4 मीटर चौड़ा किया जाना है। प्रशासन के मुताबिक इस परियोजना के लिए कुल 187 प्रॉपर्टी चिन्हित की गई हैं, जिनमें 181 मकान और 6 मस्जिदें शामिल हैं। इसके अलावा लगभग 1400 दुकानों पर भी इस परियोजना का असर पड़ रहा है।
पहली बार 29 अक्टूबर 2025 को यहां ध्वस्तीकरण अभियान शुरू किया गया था। अब तक 62 भवनों पर कार्रवाई की जा चुकी है, जबकि शनिवार को 45 अन्य मकानों को तोड़ा जा रहा है।
पहले ही जारी कर दिया गया था नोटिस
कार्रवाई से पहले पीडब्ल्यूडी की ओर से गुरुवार रात इलाके में मुनादी कराई गई थी। मकान मालिकों और दुकानदारों को दोपहर 12 बजे से पहले अपना सामान हटाने के निर्देश दिए गए थे। शनिवार सुबह से प्रशासन ने पूरे इलाके को अपने कब्जे में लेकर ध्वस्तीकरण अभियान शुरू कर दिया।
25 मकानों का बैनामा, 20 भवन जर्जर
एडीएम सिटी आलोक वर्मा ने बताया कि जिन 45 भवनों पर कार्रवाई की जा रही है, उनमें से 25 मकानों का बैनामा पहले ही हो चुका है। वहीं 20 मकान जर्जर हालत में पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन पूरी प्रक्रिया को शांतिपूर्ण तरीके से पूरा कराने में जुटा है।
शाम तक पूरी होगी कार्रवाई
मुख्य अभियंता पीडब्ल्यूडी के के सिंह ने बताया कि चिन्हित सभी 45 भवनों पर कार्रवाई शाम तक पूरी कर ली जाएगी। उन्होंने कहा कि दालमंडी परियोजना शहर के ट्रैफिक सुधार के लिए बेहद अहम है और इससे जाम की समस्या में बड़ी राहत मिलेगी।
मस्जिदों पर कार्रवाई को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि फिलहाल उन पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इस विषय पर संबंधित पक्षों के साथ बातचीत जारी है और सहमति बनने के बाद आगे निर्णय लिया जाएगा।
ड्रोन कैमरों से निगरानी, 400 पुलिसकर्मी तैनात
एसीपी दशाश्वमेध डॉ. अतुल अंजन त्रिपाठी ने बताया कि यह अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की जा रही है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 300 से 400 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। इसके अलावा पीएसी, पैरामिलिट्री फोर्स और कई थानों की पुलिस भी मौके पर मौजूद है।
उन्होंने बताया कि चौक और नई सड़क जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों में ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष बैरिकेडिंग की गई है। पूरे इलाके की निगरानी ड्रोन कैमरों के जरिए भी की जा रही है।
CM योगी ने दिए थे काम तेज करने के निर्देश
हाल ही में वाराणसी दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी दालमंडी चौड़ीकरण परियोजना की समीक्षा की थी। उन्होंने अधिकारियों को काम में तेजी लाने और तय समय में परियोजना पूरी करने के निर्देश दिए थे। प्रशासन का दावा है कि सड़क चौड़ीकरण पूरा होने के बाद दालमंडी और आसपास के इलाकों में ट्रैफिक जाम की समस्या काफी हद तक कम होगी और लोगों को बेहतर आवागमन सुविधा मिलेगी।