हर गली, हर लाइट पर नजर! मेयर खुद सड़कों पर उतरकर करेंगे निरीक्षण, छुट्टा पशुओं पर लगेगा नियंत्रण
पीएम मोदी के 28 अप्रैल वाराणसी दौरे से पहले नगर निगम अलर्ट मोड में है। शहर में विशेष सफाई अभियान, स्ट्रीट लाइट मरम्मत और छुट्टा पशुओं पर नियंत्रण के लिए टीम बनाई गई है। महापौर खुद सड़कों पर उतरकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करेंगे।
वाराणसी: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित वाराणसी दौरे को लेकर नगर निगम प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। शहर को स्वच्छ, व्यवस्थित और वीआईपी मूवमेंट के अनुरूप तैयार करने के लिए व्यापक कार्ययोजना लागू की जा रही है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रधानमंत्री के आगमन से पहले काशी की हर व्यवस्था दुरुस्त और आकर्षक नजर आए।
एक हफ्ते का महासफाई अभियान शुरू
नगर निगम ने सभी वार्डों में एक सप्ताह तक विशेष सफाई अभियान चलाने का निर्णय लिया है। इस दौरान प्रमुख सड़कों, चौराहों और सार्वजनिक स्थलों की गहन सफाई कराई जाएगी। साथ ही, सड़कों पर धूल कम करने के लिए वाटर स्प्रिंकलर के जरिए नियमित धुलाई की जाएगी, जिससे शहर का सौंदर्य भी निखरे।
छुट्टा पशुओं पर लगेगा नियंत्रण
शहर के वीआईपी रूट और प्रमुख मार्गों पर छुट्टा पशुओं की समस्या को देखते हुए एक विशेष टीम का गठन किया गया है। यह टीम लगातार निगरानी करेगी और सड़कों पर घूम रहे पशुओं को हटाकर यातायात और सुरक्षा व्यवस्था को सुचारू बनाएगी।
स्ट्रीट लाइट और वॉटर एटीएम पर खास ध्यान
रात के समय किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए नगर निगम ने सभी स्ट्रीट लाइटों को तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा, शहर के सभी वॉटर एटीएम को चालू स्थिति में रखने और नागरिकों को निर्बाध पेयजल सुविधा उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया है।
महापौर खुद सड़कों पर करेंगे निरीक्षण
इस अभियान की खास बात यह है कि महापौर अशोक कुमार तिवारी स्वयं मैदान में उतरकर व्यवस्थाओं का जायजा लेंगे। वे रोज सुबह 7:30 बजे से 9 बजे तक अलग-अलग वार्डों का निरीक्षण करेंगे। इस दौरान संबंधित पार्षदों और अधिकारियों की उपस्थिति अनिवार्य की गई है, ताकि मौके पर ही समस्याओं का समाधान हो सके।
लंबित कामों को 7 दिन में निपटाने का आदेश
प्रशासनिक कार्यों में तेजी लाने के लिए म्यूटेशन (दाखिल-खारिज) और जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र से जुड़े सभी लंबित आवेदनों को सात दिनों के भीतर निपटाने के निर्देश दिए गए हैं। महापौर ने स्पष्ट किया है कि किसी भी स्थिति में फाइलें लंबित नहीं रहनी चाहिए।
सीवर और जलापूर्ति पर सख्त निगरानी
जलकल विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि शहर में कहीं भी सीवर ओवरफ्लो की स्थिति न बने और पेयजल आपूर्ति पूरी तरह सुचारू रहे। इसके साथ ही, उद्यान विभाग को मूर्तियों की सफाई, माल्यार्पण और चौराहों के सौंदर्यीकरण की जिम्मेदारी दी गई है।