{"vars":{"id": "130921:5012"}}

अभिभावक हो जाएं सावधान! बिना मान्यता चल रहे 27 स्कूलों पर प्रशासन की कार्रवाई, BSA ने जारी किया नोटिस

वाराणसी में बेसिक शिक्षा विभाग ने गैर मान्यता प्राप्त 27 विद्यालयों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग ने सभी स्कूलों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। अधिकारियों का कहना है कि नियमों का पालन न करने वाले संस्थानों को बंद कराया जा सकता है। अभिभावकों को भी सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

 

वाराणसी: जिला प्रशासन और बेसिक शिक्षा विभाग ने बिना मान्यता संचालित हो रहे विद्यालयों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। बेसिक शिक्षा विभाग की जांच में ऐसे 27 विद्यालय चिह्नित किए गए हैं, जो निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित नहीं पाए गए। विभाग ने सभी संस्थानों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।

जवाब नहीं मिलने पर हो सकती है कार्रवाई

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनुराग श्रीवास्तव ने बताया कि जिन विद्यालयों को नोटिस जारी किया गया है, वे न तो बेसिक शिक्षा विभाग से मान्यता प्राप्त हैं और न ही माध्यमिक शिक्षा परिषद से संबद्ध हैं। इसके अलावा कई संस्थान शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) के मानकों को भी पूरा नहीं कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि इन विद्यालयों के खिलाफ लगातार शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद विभागीय स्तर पर जांच कर कार्रवाई शुरू की गई। यदि निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो संबंधित स्कूलों को बंद कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।

कई क्षेत्रों के स्कूल प्रशासन के रडार पर

जिन विद्यालयों को नोटिस जारी किया गया है उनमें बड़ागांव, पिंडरा, चिरईगांव, आराजी लाइन, हरहुआ और आसपास के क्षेत्रों के कई निजी स्कूल शामिल हैं।

इनमें गुरूनानक अर्ली लर्निंग स्कूल, विक्टर वैली पब्लिक स्कूल, त्रिपदा पब्लिक स्कूल, सरस्वती विद्या मंदिर, आशीर्वाद पब्लिक स्कूल, एलपी पब्लिक स्कूल, मां दुर्गा बाल विद्या मंदिर, बाबा श्याम सुंदर विद्यालय और कमला देवी विद्यालय जैसे संस्थानों के नाम शामिल हैं।

इसके अलावा पीआरसी चिल्ड्रेन अकादमी, एसएमपीएन इंटरनेशनल इंग्लिश स्कूल, एमपीएस शिक्षण संस्थान, गोल्डन राज पब्लिक स्कूल, आदित्य पब्लिक स्कूल, ब्लॉसम पब्लिक स्कूल, न्यू इंडियन पब्लिक स्कूल और पंचदेव ज्ञानपीठ विद्यालय सहित अन्य स्कूलों को भी नोटिस भेजा गया है।

ब्लॉक स्तर पर चल रही जांच

बेसिक शिक्षा विभाग के अनुसार ब्लॉक स्तर पर लगातार ऐसे विद्यालयों की पहचान की जा रही है, जो बिना वैध मान्यता के संचालित हो रहे हैं। खंड शिक्षा अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि बच्चों के भविष्य और शिक्षा की गुणवत्ता को ध्यान में रखते हुए यह अभियान चलाया जा रहा है।

अभिभावकों से भी की गई अपील

बीएसए अनुराग श्रीवास्तव ने अभिभावकों से अपील की है कि किसी भी विद्यालय में बच्चों का दाखिला कराने से पहले उसकी मान्यता जरूर जांच लें। उन्होंने कहा कि कई स्कूल बिना वैध अनुमति के संचालित हो रहे हैं, जिससे छात्रों के भविष्य पर असर पड़ सकता है। शिक्षा विभाग का कहना है कि आगे भी ऐसे संस्थानों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।