वाराणसी शिक्षक MLC चुनाव से पहले भाजपा को झटका, शिक्षक संघ की कमान फिर सुरेश त्रिपाठी के हाथ
Lucknow/Varanasi : उत्तर प्रदेश विधान परिषद के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव से पहले उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ में बड़ा संगठनात्मक बदलाव हुआ है। भाजपा से शिक्षक एमएलसी प्रत्याशी बनाए गए डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र की जगह पूर्व एमएलसी सुरेश कुमार त्रिपाठी को दोबारा संगठन के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी सौंप दी गई है। शिक्षक संघ की ओर से 9 अक्टूबर 2026 को जारी परिपत्र में इस निर्णय की जानकारी दी गई है।
संगठन के इस फैसले को शिक्षक एमएलसी चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, परिपत्र में भाजपा प्रत्याशी के विरोध में मतदान करने या उनके खिलाफ चुनाव प्रचार करने का कोई स्पष्ट निर्णय दर्ज नहीं है।
प्रमोद मिश्र की जगह सुरेश त्रिपाठी को फिर मिली कमान
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के परिपत्र संख्या 04/2026 के अनुसार, संगठन के पदाधिकारियों और संरक्षक मंडल के सदस्यों की संयुक्त बैठक 8 अक्टूबर को लखनऊ स्थित केंद्रीय कार्यालय में हुई।
परिपत्र में बताया गया कि 19 सितंबर 2026 को तत्कालीन अध्यक्ष सुरेश कुमार त्रिपाठी ने अध्यक्ष पद के दायित्वों का निर्वहन करने में असमर्थता जताई थी। इसके बाद संगठन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र को कुछ दिनों के लिए कार्यवाहक अध्यक्ष नामित किया गया था।
परिपत्र के मुताबिक, डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र भाजपा के प्रत्याशी हो गए हैं। बैठक में सुरेश कुमार त्रिपाठी के पूर्व पत्र पर गंभीरता से विचार-विमर्श किया गया। इसके बाद सर्वसम्मति से उन्हें दोबारा अध्यक्ष पद का दायित्व संभालने के लिए निर्देशित किया गया। सुरेश कुमार त्रिपाठी ने समिति के निर्णय को स्वीकार कर लिया।
शिक्षक संघ अपने अधिकृत प्रत्याशियों का करेगा प्रचार
बैठक में आगामी विधान परिषद चुनाव को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। परिपत्र के अनुसार, संगठन के अधिकृत प्रत्याशियों के पक्ष में चुनाव प्रचार के लिए अध्यक्ष सुरेश कुमार त्रिपाठी और महामंत्री नरेंद्र कुमार वर्मा सहित संरक्षक मंडल के सदस्यों तथा वरिष्ठ पदाधिकारियों की संयुक्त टीम गठित की गई है।
यह टीम संगठन के अधिकृत प्रत्याशियों से संपर्क कर उनके चुनावी दौरों और प्रचार कार्यक्रमों का समन्वय करेगी।
इस फैसले के बाद भाजपा प्रत्याशी डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र को शिक्षक संघ का संगठनात्मक समर्थन मिलने को लेकर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, जारी परिपत्र में उनके विरुद्ध किसी प्रकार के मतदान संबंधी निर्देश या औपचारिक विरोध की घोषणा नहीं की गई है।
सदस्यता शुल्क जमा करने की समयसीमा तय
बैठक में संगठनात्मक गतिविधियों को लेकर भी कई निर्णय लिए गए। जिन जनपदों ने सदस्यता शुल्क और आवश्यक प्रपत्र अभी तक केंद्रीय कार्यालय में जमा नहीं किए हैं, उन्हें 31 अक्टूबर 2026 तक प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा इकाइयों और जनपदों के निर्वाचन की प्रक्रिया 31 दिसंबर 2026 तक पूरी कराने का निर्णय लिया गया। निर्वाचन अधिकारियों से संबंधित सूचना नवंबर में अलग से भेजी जाएगी।
संगठन की राज्य कार्यकारिणी की अगली बैठक नवंबर में आयोजित करने का भी निर्णय लिया गया है। बैठक की तिथि और स्थान की जानकारी बाद में दी जाएगी।
महामंत्री समेत तीन पदाधिकारियों के हस्ताक्षर से जारी हुआ परिपत्र
9 अक्टूबर को लखनऊ से जारी परिपत्र पर संगठन के महामंत्री नरेंद्र कुमार वर्मा, कोषाध्यक्ष मुकेश शर्मा और अध्यक्ष सुरेश कुमार त्रिपाठी के नाम एवं हस्ताक्षर अंकित हैं।
शिक्षक एमएलसी चुनाव से पहले संगठन के नेतृत्व में हुए इस बदलाव को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब संगठन अपने अधिकृत प्रत्याशियों के समर्थन में चुनाव प्रचार की तैयारी कर रहा है।