रिंग रोड फेज-2 पर विकसित होंगे 20 योग और खेल पार्क, गंजारी क्रिकेट स्टेडियम तक बनेगा ‘स्पोर्ट्स कॉरिडोर’
वाराणसी के गंजारी में निर्माणाधीन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम के अंतिम चरण को देखते हुए रिंग रोड फेज-2 को नया स्वरूप दिया जा रहा है। स्टेडियम मार्ग पर 20 खेल और योग आधारित पार्क विकसित होंगे, जिससे शहर को स्पोर्ट्स-हेल्थ हब बनाने की तैयारी है।
वाराणसी: जनपद के गंजारी क्षेत्र में निर्माणाधीन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है। अनुमान है कि यह स्टेडियम वर्ष के अंत तक पूरी तरह बनकर तैयार हो जाएगा, जबकि वर्ष 2026 से यहां अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मुकाबलों की मेजबानी शुरू हो सकती है। इसे देखते हुए राज्य सरकार स्टेडियम तक पहुंचने वाले मार्ग को एक विशिष्ट और आकर्षक स्वरूप देने की दिशा में तेजी से काम कर रही है।
सरकार का उद्देश्य है कि स्टेडियम को जोड़ने वाला रिंग रोड फेज-2 केवल यातायात मार्ग न रहकर खेल, स्वास्थ्य और फिटनेस का प्रतीक बने। इसी कड़ी में रिंग रोड फेज-2 के दोनों ओर 20 खेल और योग आधारित पार्क विकसित किए जाएंगे, जो खासतौर पर युवा पीढ़ी को खेल और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति प्रेरित करेंगे।
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम तक पहुंचने के लिए लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से वाराणसी– हाईवे होते हुए हरहुआ रिंग रोड चौराहे से दाईं ओर मुड़कर रिंग रोड फेज-2 पर जाना होगा। इसी मार्ग के बाएं (पूर्वी) हिस्से में पार्कों का विकास किया जाएगा।
इन पार्कों में खेल, योग, प्राणायाम और शारीरिक व्यायाम से जुड़ी विभिन्न मुद्राओं को दर्शाती आकर्षक संरचनाएं स्थापित की जाएंगी। हरे-भरे पेड़-पौधों, घास और बैठने की सुव्यवस्थित व्यवस्था के साथ यह पूरा क्षेत्र स्वास्थ्य और सौंदर्य का संगम बनेगा।
पहले पार्क का निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। रिंग रोड फेज-2 पर हरहुआ चौराहे के पास केके इंटर कॉलेज के समीप लगभग 4,000 वर्ग फीट भूमि पर पार्क विकसित किया जा रहा है। इसमें लगने वाली सभी प्रतिमाएं लखनऊ में निर्मित की गई हैं, जो पीओपी, पुट्टी और सीमेंट से बनी वाटरप्रूफ संरचनाएं हैं।
अधिकारियों के अनुसार पहले चरण का कार्य दो से ढाई माह में पूरा कर लिया जाएगा, जिसके बाद क्रमवार तरीके से रिंग रोड फेज-2 के अन्य हिस्सों में भी पार्क निर्माण का कार्य शुरू किया जाएगा। यह पहल न सिर्फ स्टेडियम की पहचान को मजबूत करेगी, बल्कि वाराणसी को एक स्पोर्ट्स और हेल्थ फ्रेंडली सिटी के रूप में भी स्थापित करेगी।