{"vars":{"id": "130921:5012"}}

वाराणसी: अलकनंदा क्रूज से गंगा में मल गिराने पर 5 हजार रुपये का जुर्माना, जांच में सामने आया इमरजेंसी वॉल्व की चूक
 

 

वाराणसी। पवित्र गंगा नदी में प्रदूषण के एक गंभीर मामले में जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। रविदास घाट पर खड़े अलकनंदा क्रूज से गंगा में मल (सीवेज) गिराने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने क्रूज संचालक पर 5,000 रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही मामले में कारण बताओ नोटिस जारी कर लिखित जवाब तलब किया गया है।

जिलाधिकारी ने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा गठित जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। रिपोर्ट के अनुसार, घटना के समय क्रूज मेंटेनेंस और सफाई के लिए रविदास घाट पर खड़ा था। क्रूज के सेप्टिक टैंक और सीवेज सिस्टम की सफाई पूरी हो चुकी थी। वीडियो में दिख रहा पाइप इमरजेंसी वॉल्व था, जिसकी जांच चल रही थी। इसी दौरान क्रूज के किसी कर्मचारी ने शौचालय का प्रयोग कर लिया, जिससे मल टैंक में जाने के बजाय इमरजेंसी वॉल्व के रास्ते सीधे गंगा में गिर गया।

जांच के आधार पर जुर्माने के अलावा क्रूज संचालक को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि भविष्य में ऐसी किसी भी स्थिति से बचने के लिए इमरजेंसी वॉल्व के साथ एक अतिरिक्त छोटा टैंक लगाया जाए। इससे इमरजेंसी वॉल्व खुले रहने पर भी मल नदी में नहीं गिरेगा।

अलकनंदा क्रूज वाराणसी में पर्यटन को बढ़ावा देने वाली प्रमुख सुविधा है। यह आधुनिक सुविधाओं से लैस है, जिसमें एक बार में चार कार और दो बड़े लोडेड ट्रक ले जाने की क्षमता है। क्रूज के ऊपरी हिस्से में कैप्टन का केबिन है, जबकि निचले हिस्से में यात्रियों के लिए बैठने की उचित व्यवस्था की गई है। यात्रियों की सुविधा के लिए दो जनरेटर, फर्स्ट क्लास लेडीज और जेंट्स टॉयलेट उपलब्ध हैं। क्रूज सभी 84 घाटों की सैर कराता है और पर्यटकों को गंगा के मनोरम दृश्य प्रदान करता है।