वाराणसी को मिलेगा 500 बेड का हाईटेक मल्टी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, छत पर उतरेगी एयर एंबुलेंस
Jun 8, 2026, 18:41 IST
वाराणसी। पूर्वांचल के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए शिव प्रसाद गुप्त मंडलीय चिकित्सालय को अत्याधुनिक मल्टी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल के रूप में विकसित किया जाएगा। करीब 315.48 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस 500 बेड के हाईटेक अस्पताल में एयर एंबुलेंस की सुविधा भी उपलब्ध होगी। इसके लिए 14 मंजिला आवासीय टावर की छत पर हेलिपैड जैसी व्यवस्था की जाएगी।
रविवार को पूर्व मंत्री एवं विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी की अध्यक्षता में जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार, एसआईसी डॉ. बृजेश कुमार समेत अन्य अधिकारियों ने अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया और निर्माण एजेंसी द्वारा प्रस्तुत योजना पर चर्चा की।
निर्माण के दौरान भी नहीं रुकेगी चिकित्सा सेवा
अस्पताल के पुराने भवन को ध्वस्त कर नया भवन बनाया जाएगा, लेकिन इस दौरान मरीजों की सुविधाएं प्रभावित न हों, इसके लिए विशेष व्यवस्था की गई है। वर्तमान ओपीडी भवन यथावत रहेगा, जबकि वार्ड, सीटी स्कैन, ब्लड बैंक, एक्स-रे, टीबी वार्ड और चाइल्ड वार्ड समेत 15 विभागों को अस्थायी रूप से महिला अस्पताल और इमरजेंसी भवन की ऊपरी मंजिलों में स्थानांतरित किया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार अगले दो महीनों में शिफ्टिंग की प्रक्रिया पूरी कर ध्वस्तीकरण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
डॉक्टरों और स्टाफ के लिए बनेगा 14 मंजिला टावर
नई परियोजना के तहत बेसमेंट सहित आठ मंजिला मुख्य अस्पताल भवन (जी+8) का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा डॉक्टरों और कर्मचारियों के आवास के लिए अलग से 14 मंजिला टावर (जी+14) बनाया जाएगा।
मिलेगी विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं
नए सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में हृदय रोग, न्यूरोलॉजी, न्यूरो सर्जरी, नेफ्रोलॉजी, यूरोलॉजी, गैस्ट्रो मेडिसिन, प्लास्टिक सर्जरी और डायलिसिस जैसी उन्नत चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होंगी। अस्पताल में 47 आईसीयू बेड, मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर, एडवांस लैब और अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरण भी लगाए जाएंगे।
600 वाहनों की मल्टीलेवल पार्किंग बनेगी
भविष्य में मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए पार्किंग की विशेष व्यवस्था भी की जा रही है। एसआईसी के पुराने और जर्जर आवास को हटाकर वहां मल्टीलेवल पार्किंग का निर्माण किया जाएगा, जिसमें लगभग 600 वाहनों की पार्किंग की सुविधा होगी।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूरा होने के बाद वाराणसी ही नहीं, बल्कि पूरे पूर्वांचल के मरीजों को बड़े शहरों का रुख किए बिना विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाएं मिल सकेंगी।
रविवार को पूर्व मंत्री एवं विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी की अध्यक्षता में जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार, एसआईसी डॉ. बृजेश कुमार समेत अन्य अधिकारियों ने अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया और निर्माण एजेंसी द्वारा प्रस्तुत योजना पर चर्चा की।
निर्माण के दौरान भी नहीं रुकेगी चिकित्सा सेवा
अस्पताल के पुराने भवन को ध्वस्त कर नया भवन बनाया जाएगा, लेकिन इस दौरान मरीजों की सुविधाएं प्रभावित न हों, इसके लिए विशेष व्यवस्था की गई है। वर्तमान ओपीडी भवन यथावत रहेगा, जबकि वार्ड, सीटी स्कैन, ब्लड बैंक, एक्स-रे, टीबी वार्ड और चाइल्ड वार्ड समेत 15 विभागों को अस्थायी रूप से महिला अस्पताल और इमरजेंसी भवन की ऊपरी मंजिलों में स्थानांतरित किया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार अगले दो महीनों में शिफ्टिंग की प्रक्रिया पूरी कर ध्वस्तीकरण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
डॉक्टरों और स्टाफ के लिए बनेगा 14 मंजिला टावर
नई परियोजना के तहत बेसमेंट सहित आठ मंजिला मुख्य अस्पताल भवन (जी+8) का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा डॉक्टरों और कर्मचारियों के आवास के लिए अलग से 14 मंजिला टावर (जी+14) बनाया जाएगा।
मिलेगी विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं
नए सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में हृदय रोग, न्यूरोलॉजी, न्यूरो सर्जरी, नेफ्रोलॉजी, यूरोलॉजी, गैस्ट्रो मेडिसिन, प्लास्टिक सर्जरी और डायलिसिस जैसी उन्नत चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होंगी। अस्पताल में 47 आईसीयू बेड, मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर, एडवांस लैब और अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरण भी लगाए जाएंगे।
600 वाहनों की मल्टीलेवल पार्किंग बनेगी
भविष्य में मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए पार्किंग की विशेष व्यवस्था भी की जा रही है। एसआईसी के पुराने और जर्जर आवास को हटाकर वहां मल्टीलेवल पार्किंग का निर्माण किया जाएगा, जिसमें लगभग 600 वाहनों की पार्किंग की सुविधा होगी।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूरा होने के बाद वाराणसी ही नहीं, बल्कि पूरे पूर्वांचल के मरीजों को बड़े शहरों का रुख किए बिना विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाएं मिल सकेंगी।