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तेलंगाना में दिल दहला देने वाली घटना, मां ने अपने दो महीने के बच्चे के मुंह में ठूंसा कपड़ा, हाथ-पैर बांधकर जलते हुए चूल्हे में झोंका

 
तेलंगाना। जिले के कुतुबुल्लाहपुर क्षेत्र स्थित बोरामपेट इलाके में फरवरी को एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई। एक 21 वर्षीय महिला पर अपने दो महीने के बेटे की हत्या करने का आरोप लगा है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, घटना बच्चे के लगातार रोने के बाद हुई।

पुलिस के मुताबिक, मामला Dundigal थाना क्षेत्र का है। परिवार निर्माण स्थल पर श्रमिक के रूप में काम करता था और वहीं अस्थायी रूप से रह रहा था। आरोप है कि महिला ने कथित तौर पर बच्चे के मुंह में कपड़ा ठूंसा, उसके हाथ-पैर बांधे और उसे जलते हुए चूल्हे में डाल दिया।

पिता के लौटने पर हुआ खुलासा

घटना का पता तब चला जब बच्चे के पिता राजेश (उर्फ राजेंद्र), जो मूल रूप से मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं, काम से लौटे। उन्होंने बच्चे को गंभीर रूप से झुलसी अवस्था में पाया और तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।

आरोपी महिला हिरासत में

पुलिस ने आरोपी मां ममता अहिरवार को हिरासत में ले लिया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि महिला कथित तौर पर मानसिक तनाव में थी और बच्चे के लगातार रोने से परेशान थी। हालांकि, पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

शव को पोस्टमार्टम के लिए Gandhi Hospital भेजा गया है। मामले में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

निर्माण स्थलों पर रहने वाले परिवारों की चुनौतियां

यह घटना उन प्रवासी श्रमिक परिवारों की कठिन परिस्थितियों को भी उजागर करती है, जो निर्माण स्थलों पर अस्थायी रूप से रहते हैं। बच्चों की देखभाल के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण महिलाओं पर अतिरिक्त जिम्मेदारी और मानसिक दबाव पड़ता है। विशेषज्ञों का मानना है कि प्रसव के बाद होने वाले मानसिक तनाव या ‘पोस्टपार्टम डिप्रेशन’ को अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाता है, खासकर आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों में।

पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि घटना के पीछे कोई अन्य कारण तो नहीं था। फिलहाल, बच्चे के पिता का बयान दर्ज कर लिया गया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।