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LIC में निवेश के नाम पर 12 लोगों से 39 लाख की ठगी! पैसे मांगने पहुंचे ग्रामीण तो मिली धमकी

वाराणसी के जंसा और रोहनिया क्षेत्र के 12 ग्रामीणों ने एलआईसी में निवेश के नाम पर 39.07 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाया है। पीड़ितों का दावा है कि रकम फर्जी कंपनियों में लगा दी गई। पुलिस आयुक्त से शिकायत कर एफआईआर और कार्रवाई की मांग की गई है।

 

वाराणसी: एलआईसी (भारतीय जीवन बीमा निगम) में निवेश कर अधिक मुनाफा दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। जंसा और रोहनिया थाना क्षेत्र के 12 ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि उनसे कुल 39 लाख 7 हजार 400 रुपये लेकर रकम एलआईसी में जमा नहीं की गई। पीड़ितों ने पुलिस आयुक्त को प्रार्थना पत्र देकर आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और सख्त कार्रवाई की मांग की है।

एलआईसी में निवेश का भरोसा, लेकिन पैसा पहुंचा फर्जी कंपनियों में

पीड़ितों के मुताबिक, जंसा थाना क्षेत्र के बेरुका गांव के रहने वाले तीन लोगों ने खुद को एलआईसी से जुड़ा बताकर निवेश कराने का भरोसा दिलाया। ग्रामीणों से कहा गया कि उनकी रकम एलआईसी की योजनाओं में जमा होगी और भविष्य में अच्छा लाभ मिलेगा।

आरोप है कि पैसे लेने के बाद उन्हें एलआईसी की आधिकारिक रसीद नहीं दी गई। जब रसीद के बारे में पूछा गया तो बताया गया कि यह एलआईसी की कनेक्टिंग कंपनी से जुड़ी योजना है, जिसमें ज्यादा मुनाफा मिलेगा। बाद में पता चला कि रकम कथित तौर पर फर्जी कंपनियों में लगा दी गई।

दूसरे एजेंट से खुली ठगी की परतें

ग्रामीणों का कहना है कि जब उन्होंने दस्तावेज और रसीद दूसरे एलआईसी एजेंट को दिखाए, तब पूरे मामले का खुलासा हुआ। जांच में पता चला कि उनके नाम पर एलआईसी में कोई वैध निवेश दर्ज नहीं है। इसके बाद सभी पीड़ित एकजुट होकर कार्रवाई की मांग करने पहुंचे।

इन लोगों से लाखों रुपये लेने का आरोप

शिकायत के अनुसार, दिनेश सोनी से 13 लाख रुपये, खटाई से 6.50 लाख रुपये, रामजी पटेल से 5 लाख रुपये, शिवजतन से 3.45 लाख रुपये, हीरावती और योगेंद्र प्रसाद से 3-3 लाख रुपये लिए गए। इसके अलावा अन्य ग्रामीणों से भी अलग-अलग रकम लेकर कुल 39,07,400 रुपये जमा कराए गए।

पैसे मांगने पर धमकी देने का आरोप

पीड़ितों ने आरोप लगाया कि 26 जुलाई को जलालपुर गांव के पास जब उन्होंने अपनी रकम वापस मांगी, तो आरोपियों ने गाली-गलौज की। शिकायत में यह भी कहा गया है कि जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया और जान से मारने की धमकी दी गई।

पुलिस बोली- शिकायत मिलने पर होगी जांच

मामले में जंसा थाना प्रभारी सत्यजीत सिंह ने बताया कि थाने स्तर पर अभी तक कोई औपचारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि यदि उच्च अधिकारियों के माध्यम से शिकायत मिलती है, तो पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।