MGKVP का 48वां दीक्षान्त समारोह 28 जुलाई को, ‘विकसित भारत 2047’ थीम के जरिए युवाओं को मिलेगा नया संदेश
वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ का 48वां दीक्षान्त समारोह आगामी 28 जुलाई को आयोजित किया जाएगा। समारोह की तैयारियों को लेकर गुरुवार को विश्वविद्यालय के पंत प्रशासनिक भवन स्थित डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्ण सभागार में कुलपति प्रो. आनन्द कुमार त्यागी की अध्यक्षता में बैठक सम्पन्न हुई।
बैठक में कुलपति प्रो. त्यागी ने बताया कि इस वर्ष दीक्षान्त समारोह की मुख्य थीम ‘विगत दशक में भारत की उपलब्धियां’ तथा उप-थीम ‘विकसित भारत : 2047 की आधारशिला’ निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि समारोह को भव्य एवं जनभागीदारी आधारित स्वरूप देने के लिए दीक्षान्त से पूर्व विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
कुलपति ने बताया कि दीक्षान्त समारोह से पहले दीक्षोत्सव आयोजित होगा, जिसके अंतर्गत परम्परागत खेल प्रतियोगिताएं, काव्य एवं निबंध लेखन, चित्रकला, देशभक्ति गीत, लोकनृत्य, भाषण प्रतियोगिता तथा ‘माँ-बेटी सम्मेलन’ जैसे कार्यक्रम होंगे। प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित भी किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय और संबद्ध महाविद्यालयों के उत्कृष्ट कार्य करने वाले चार शिक्षकों, जिनमें एक विश्वविद्यालय और तीन महाविद्यालयों से होंगे, को विशेष सम्मान प्रदान किया जाएगा। इनका चयन विश्वविद्यालय स्तर पर गठित समिति द्वारा मूल्यांकन के आधार पर किया जाएगा।
दीक्षान्त समारोह को सामाजिक सरोकारों से जोड़ते हुए विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गए गांवों में भी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इन गांवों में पारम्परिक खेल प्रतियोगिताओं के साथ-साथ ‘मेरी मां’ विषय पर भाषण, निबंध, काव्य एवं चित्रकला प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी। चयनित प्रतिभागियों को दीक्षान्त समारोह में आमंत्रित किया जाएगा तथा विजेताओं को कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल द्वारा सम्मानित किया जाएगा।
विश्वविद्यालय परिसर में स्वच्छता अभियान भी चलाया जाएगा, जिसमें शिक्षक, कर्मचारी और छात्र-छात्राएं मिलकर परिसर, भवनों, कक्षाओं और प्रयोगशालाओं की सफाई करेंगे। इसके अलावा विद्यार्थियों के लिए ‘भारत विश्व की चौथी अर्थव्यवस्था कैसे बना’, ‘राज्य सरकार के दो अच्छे कार्य’ और ‘भारत सरकार के दो अच्छे कार्य’ विषयों पर निबंध प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी।
गोद लिए गए गांवों के विद्यालयों में भाषण, चित्रकला और स्टोरी टेलिंग प्रतियोगिताओं का आयोजन होगा। कक्षा 9 से 12 तक के छात्र जल संरक्षण, पर्यावरण, स्वास्थ्य, शिक्षा और स्वच्छता जैसे विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। प्रत्येक प्रतियोगिता के विजेताओं को दीक्षान्त समारोह में सम्मानित किया जाएगा।
कुलपति ने बताया कि समारोह के दौरान कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल द्वारा 300 आंगनबाड़ी किटों का वितरण किया जाएगा। साथ ही गोद लिए गए पांच गांवों की उत्कृष्ट आंगनबाड़ी केंद्रों को स्वच्छता, स्वास्थ्य, बच्चों की देखभाल और अन्य व्यवस्थाओं के आधार पर सम्मानित किया जाएगा।
बैठक में दीक्षान्त समारोह समन्वयक प्रो. बंशीधर पाण्डेय, प्रो. अमिता सिंह, प्रो. कृष्ण कुमार सिंह, प्रो. राजेश कुमार मिश्र, वित्त अधिकारी हरि शंकर मिश्र, कुलसचिव डॉ. सुनीता पाण्डेय, परीक्षा नियंत्रक दीप्ति मिश्रा, प्रो. राकेश कुमार तिवारी, डॉ. नागेन्द्र कुमार सिंह सहित विश्वविद्यालय के अनेक अधिकारी एवं शिक्षक उपस्थित रहे।