ट्रंप का इशारा- जल्द लौट सकती है US-ईरान बातचीत, लेकिन तेहरान क्यों चुप?
अमेरिका और ईरान के बीच 36 से 72 घंटे में बातचीत फिर शुरू हो सकती है। ट्रंप ने इसके संकेत दिए हैं, लेकिन ईरान ने अभी फैसला नहीं लिया है। सीजफायर जारी है, फिर भी हॉर्मुज क्षेत्र में तनाव बना हुआ है और हालात पूरी तरह साफ नहीं हैं।
US Iran Ceasefire Update: अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर बातचीत शुरू होने की संभावना बन रही है। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि अगले 36 से 72 घंटे के अंदर दोनों देशों के बीच वार्ता फिर शुरू हो सकती है। इस खबर के सामने आने के बाद दुनिया की नजरें इस संभावित बातचीत पर टिक गई हैं।
सूत्रों के मुताबिक, बैकडोर यानी पर्दे के पीछे चल रही बातचीत में कुछ सकारात्मक संकेत मिले हैं। इसी वजह से उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही दोनों देश फिर से आमने-सामने बैठ सकते हैं। इस पूरी प्रक्रिया में पाकिस्तान भी मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और दोनों पक्षों को बातचीत के लिए तैयार करने की कोशिश कर रहा है।
हालांकि, अभी तक ईरान की तरफ से कोई साफ जवाब नहीं आया है। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि उन्होंने अभी यह तय नहीं किया है कि वे इस नई बातचीत में हिस्सा लेंगे या नहीं। उनका कहना है कि पिछली बातचीत में अमेरिका का रवैया ठीक नहीं रहा, जिससे भरोसा कमजोर हुआ है।
इस बीच अमेरिका ने सीजफायर को आगे बढ़ा दिया है और फिलहाल सीधे सैन्य कार्रवाई को रोक दिया है। ट्रंप ने कहा है कि जब तक ईरान अपनी तरफ से प्रस्ताव नहीं देता, तब तक यह रोक जारी रहेगी। हालांकि, यह साफ नहीं है कि यह सीजफायर कितने समय तक चलेगा।
वहीं दूसरी तरफ, हॉर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव अभी भी बना हुआ है। अमेरिका ने यहां अपनी नौसैनिक गतिविधियां जारी रखी हैं, जिसे ईरान ने गंभीर मुद्दा बताया है। हाल ही में ईरान ने कुछ जहाजों को कब्जे में भी लिया, जिससे हालात और संवेदनशील हो गए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि ईरान में फैसले जल्दी नहीं होते, क्योंकि वहां अलग-अलग ताकतों का प्रभाव है। इसलिए बातचीत शुरू होने में अभी थोड़ा समय लग सकता है।
फिलहाल स्थिति यही है कि बातचीत की उम्मीद तो है, लेकिन पूरी तरह साफ तस्वीर अभी सामने नहीं आई है। आने वाले कुछ दिन इस पूरे मामले में बेहद अहम साबित हो सकते हैं।