जान को खतरा... इसलिए पिता के अंतिम संस्कार में नहीं जाएंगे ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई
Middle East News: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच ईरान ने सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला लिया है। ईरान के मौजूदा सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई अपने पिता और पूर्व सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में सार्वजनिक रूप से शामिल नहीं होंगे। भारत में ईरान के सर्वोच्च नेता के प्रतिनिधि आयतुल्ला हाकिम इलाही ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि इजरायल की ओर से लगातार मिल रही सुरक्षा धमकियों और निगरानी के खतरे को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में मोजतबा खामेनेई का सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल होना सुरक्षित नहीं माना गया। इसी वजह से उन्होंने अंतिम संस्कार समारोह से दूर रहने का फैसला किया है।
इजरायल की धमकियों के बीच बढ़ी सुरक्षा चिंता
आयतुल्ला हाकिम इलाही के अनुसार, इजरायल की ओर से संभावित हमले और सुरक्षा एजेंसियों की सक्रिय निगरानी को देखते हुए ईरानी नेतृत्व अतिरिक्त सतर्कता बरत रहा है। इसी कारण अंतिम संस्कार जैसे बड़े सार्वजनिक आयोजन में सर्वोच्च नेता की मौजूदगी को जोखिमपूर्ण माना गया। ईरान और इजरायल के बीच लगातार बढ़ते तनाव ने शीर्ष नेतृत्व की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बना दिया है।
विदेश मंत्री अरागची ने अमेरिका से कहा- इजरायल को रोको
इसी बीच ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अरागची ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी देते हुए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से इजरायल को नियंत्रित करने की मांग की।
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि इस्लामाबाद समझौता (MoU) की शर्तें पूरी तरह स्पष्ट हैं और अमेरिका ने अपने सहयोगी इजरायल को नियंत्रित करने का आश्वासन दिया था। यदि इजरायल इस प्रतिबद्धता का पालन नहीं करता, तो ईरान अपने तरीके से जवाब देगा। अरागची ने कहा कि ईरान के लोगों और सर्वोच्च नेतृत्व के खिलाफ किसी भी प्रकार की धमकी का तत्काल और कड़ा जवाब दिया जाएगा।
'मोजतबा खामेनेई हमारे निशाने पर हैं'—इजरायली मंत्री का दावा
अरागची की प्रतिक्रिया उस बयान के बाद आई, जिसमें इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने कथित तौर पर कहा था कि ईरान के सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई "मौत के निशाने पर हैं।"
रिपोर्टों के अनुसार, काट्ज ने यह भी कहा कि ईरान वार्ता के दौरान रियायतें हासिल करने की कोशिश कर रहा है, लेकिन इजरायल किसी भी स्थिति में ईरान को परमाणु हथियार विकसित नहीं करने देगा। उन्होंने कहा कि यदि यह लक्ष्य किसी समझौते के जरिए हासिल हो जाए तो यह बेहतर होगा।
अमेरिका-ईरान वार्ता पर बनी सहमति
1 जुलाई को कतर की राजधानी दोहा में अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधियों के बीच कतर तथा पाकिस्तान की मध्यस्थता में अलग-अलग बैठकें हुईं। इन बैठकों में 14 सूत्रीय समझौता ज्ञापन (MoU) से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक प्रगति दर्ज की गई।
कतर के प्रधानमंत्री के सलाहकार एवं विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता माजिद अल अंसारी ने बताया कि सभी पक्षों ने बातचीत जारी रखने पर सहमति जताई है। उन्होंने कहा कि पूर्व सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के अंतिम संस्कार की औपचारिकताएं पूरी होने के बाद अगले दौर की वार्ता की तारीख तय की जाएगी।
4 से 9 जुलाई तक होंगे अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यक्रम
ईरानी अधिकारियों के अनुसार, पूर्व सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के अंतिम संस्कार से जुड़े धार्मिक और राजकीय कार्यक्रम 4 जुलाई से 9 जुलाई के बीच ईरान और इराक के विभिन्न शहरों में आयोजित किए जाएंगे।
रिपोर्टों के मुताबिक, 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच संघर्ष शुरू होने के पहले दिन हुए एक हवाई हमले में अली खामेनेई की मृत्यु हुई थी। हालांकि इस घटना को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार राजनीतिक और कूटनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आती रही हैं।