अमेरिका से डील या भारत का बजट? अखिलेश यादव ने सरकार से पूछे तीखे सवाल
New Delhi : समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख और कन्नौज से सांसद अखिलेश यादव ने मंगलवार को लोकसभा में बजट पर चर्चा के दौरान केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने बजट को 'दिशाहीन' बताते हुए कहा कि इसमें पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक (पीडीए) के लिए कुछ नहीं है। अखिलेश ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर सवाल उठाते हुए पूछा कि डील पहले बनी या बजट? अगर यही डील होनी थी तो 11 महीने क्यों इंतजार कराया? हमने अपना बाजार एक बार फिर खोल दिया—हमारी आत्मनिर्भरता और स्वदेशी कहां जाएगी?
यूपी के लिए कुछ खास नहीं
अखिलेश यादव ने कहा कि जनता बीजेपी से जानना चाहती है कि 0 बड़ा या 18। सरकार के पास कोई विजन नहीं है कि हमारा देश 2047 में विकसित भारत बन जाएगा। ऐसा लग रहा है कि सरकार ने इनके बारे में सोचना ही छोड़ दिया। 10-11 साल से इतने बजट ला रहे हैं, लेकिन हमारी पर कैपिटा इनकम नहीं बढ़ पा रही है। जब बजट आता है तो हम ढूंढते हैं कि हमारे राज्य के लिए क्या है। डबल इंजन की बात होती है लेकिन यूपी के लिए कुछ खास नहीं है।
किसानों को MSP की गारंटी नहीं
सपा प्रमुख ने किसानों के मुद्दे पर सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि सारे दल किसानों के लिए चिंतित रहते हैं। इस डील (भारत-अमेरिका) के बाद हमारे किसान का क्या होगा? हमारे किसान जब काले कानून के खिलाफ लड़ रहे थे तो सरकार को वापस लेना पड़ा। आज भी किसानों को कानूनी गारंटी (एमएसपी) नहीं मिल पाई है। यही सरकार चलती रही तो गरीब लोहे पर पीतल चढ़ाकर अपनी बेटी को विदा नहीं कर पाएगा। किसानों के नाम पर सरकार अदृश्य लोगों को फायदा पहुंचाती है। बजट में आम जनता का न जिक्र है न फिक्र है।
मध्यम वर्ग ठगा महसूस कर रहा
अखिलेश यादव ने महंगाई और टैक्स पर सवाल उठाते हुए कहा कि महंगाई बढ़ने पर भी टैक्स में छूट नहीं देना 'टैक्स शोषण' है। मध्यम वर्ग अपने आप को ठगा महसूस कर रहा है। बीजेपी के हर बजट को 1 बटा 20 का बजट मानते हैं, क्योंकि ये सिर्फ 5 फीसदी लोगों के लिए होता है। उन्होंने पर्यावरण का मुद्दा भी उठाया और कहा कि पिछले 11 साल से गंगा ने किसी को नहीं बुलाया। आज मां गंगा किस हालत में है? आज यमुना की हालत क्या है?