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आग से मत खेलो, कुर्बानी तो होगी, गाय, बकरे... CM शुभेंदु को हुमायूं कबीर ने दी चेतावनी
 

 

पश्चिम बंगाल में खुले में नमाज और कुर्बानी को लेकर राजनीतिक विवाद गहराता जा रहा है। आम जनता उन्नयन पार्टी के अध्यक्ष हुमायूं कबीर ने भारतीय जनता पार्टी और नेता शुभेंदु अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मुस्लिम समुदाय कुर्बानी के मुद्दे पर किसी भी तरह का समझौता नहीं करेगा।

IANS से बातचीत में हुमायूं कबीर ने कहा कि संविधान का सम्मान किया जाना चाहिए, लेकिन धार्मिक परंपराओं के अनुसार कुर्बानी जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि “गाय, बकरी और ऊंट सहित जिन पशुओं की कुर्बानी इस्लाम में जायज है, उनकी कुर्बानी होती रहेगी।” साथ ही उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि इस मुद्दे पर किसी तरह की रोक लगाने की कोशिश “परिणाम गंभीर” हो सकते हैं।

हुमायूं कबीर ने दावा किया कि देश में एक बड़ा मुस्लिम समुदाय बीफ का सेवन करता है और उन्होंने सवाल उठाया कि यदि इस पर रोक लगानी है तो पहले स्लॉटर हाउस और बीफ निर्यात पर भी विचार किया जाना चाहिए।

ईद की नमाज को लेकर उन्होंने कहा कि सरकार को मुसलमानों के लिए बड़े मैदानों की व्यवस्था करनी चाहिए, ताकि सड़क पर नमाज पढ़ने की स्थिति न बने। उन्होंने कहा कि यदि प्रशासन व्यवस्था नहीं करता, तो लोग मजबूरी में सड़क पर नमाज पढ़ने के लिए विवश होंगे।

वहीं, भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने सड़क पर नमाज को लेकर चल रही बहस को “तुष्टीकरण बनाम व्यवस्था” का मुद्दा बताया है। बीजेपी नेताओं का कहना है कि यह किसी धर्म के खिलाफ नहीं, बल्कि सार्वजनिक व्यवस्था और नियमों के पालन से जुड़ा विषय है। उन्होंने यह भी तर्क दिया कि कई इस्लामिक देशों में भी सार्वजनिक स्थानों पर नमाज पढ़ने पर नियंत्रण या प्रतिबंध लागू हैं, इसलिए इसे धार्मिक दृष्टि से नहीं देखा जाना चाहिए।