स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर लगे यौन शोषण के आरोपों को अलंकार अग्निहोत्री ने बताया साजिश, बोले- निष्पक्ष जांच हो...
Feb 22, 2026, 16:25 IST
बरेली: उत्तर प्रदेश के मारुति नगर स्थित राष्ट्रीय ब्राह्मण सेवा संघ के आवास पर आयोजित प्रेस वार्ता में पूर्व सिटी मजिस्ट्रेट (बरेली) अलंकार अग्निहोत्री ने ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर लगे यौन शोषण के आरोपों को साजिश करार दिया। उन्होंने कहा कि यह हमला किसी एक संत पर नहीं, बल्कि सनातन समाज की छवि को धूमिल करने का प्रयास है।
‘शिकायतकर्ताओं का आपराधिक इतिहास’
अलंकार अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि जिन लोगों ने मुकदमा दर्ज कराया है, उनका स्वयं का आपराधिक इतिहास रहा है। उन्होंने दावा किया कि संबंधित व्यक्ति कई थानों में दर्ज मामलों में नामजद है और हिस्ट्रीशीटर भी है। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और इसके लिए सुप्रीम कोर्ट से हस्तक्षेप की मांग की जाएगी, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
नई राजनीतिक पार्टी की घोषणा
प्रेस वार्ता के दौरान अग्निहोत्री ने एक बड़ी राजनीतिक घोषणा भी की। उन्होंने बताया कि 23 फरवरी को वृंदावन में एक नई राजनीतिक पार्टी के नाम की औपचारिक घोषणा की जाएगी। उनके अनुसार यह पार्टी सनातन संस्कृति और भारतीय मूल्यों को केंद्र में रखकर गठित की गई है।
उन्होंने कहा कि लंबे विचार-विमर्श के बाद पार्टी का नाम भगवान राम और भगवान कृष्ण के नामों के संगम से तय किया गया है। इस पार्टी का उद्देश्य भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करना होगा।
घोषणा से पहले समर्थकों और धार्मिक संगठनों में उत्साह का माहौल है। हालांकि राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में इस पहल का व्यापक असर देखने को मिल सकता है।
‘शिकायतकर्ताओं का आपराधिक इतिहास’
अलंकार अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि जिन लोगों ने मुकदमा दर्ज कराया है, उनका स्वयं का आपराधिक इतिहास रहा है। उन्होंने दावा किया कि संबंधित व्यक्ति कई थानों में दर्ज मामलों में नामजद है और हिस्ट्रीशीटर भी है। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और इसके लिए सुप्रीम कोर्ट से हस्तक्षेप की मांग की जाएगी, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
नई राजनीतिक पार्टी की घोषणा
प्रेस वार्ता के दौरान अग्निहोत्री ने एक बड़ी राजनीतिक घोषणा भी की। उन्होंने बताया कि 23 फरवरी को वृंदावन में एक नई राजनीतिक पार्टी के नाम की औपचारिक घोषणा की जाएगी। उनके अनुसार यह पार्टी सनातन संस्कृति और भारतीय मूल्यों को केंद्र में रखकर गठित की गई है।
उन्होंने कहा कि लंबे विचार-विमर्श के बाद पार्टी का नाम भगवान राम और भगवान कृष्ण के नामों के संगम से तय किया गया है। इस पार्टी का उद्देश्य भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करना होगा।
घोषणा से पहले समर्थकों और धार्मिक संगठनों में उत्साह का माहौल है। हालांकि राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में इस पहल का व्यापक असर देखने को मिल सकता है।