वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) में सोमवार को वसंतोत्सव के साथ ही 110वां स्थापना दिवस बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। विश्वविद्यालय परिसर ढोल-ताशों, भजनों और मनमोहक झांकियों के बीच उल्लासित हो उठा। छात्रों और शिक्षकों ने इस ऐतिहासिक दिन को धूमधाम से मनाया और इस दौरान वे खुशी से नाचते-गाते दिखाई दिए।
परंपरागत पूजा से शुरू हुआ आयोजन
स्थापना दिवस का शुभारंभ परंपरागत रूप से माता सरस्वती की पूजा से हुआ, जो BHU के स्थापना स्थल (वर्तमान ट्रॉमा सेंटर) पर आयोजित की गई। इस मौके पर कार्यवाहक कुलपति प्रो. संजय कुमार और विश्वविद्यालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

झांकियां और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बढ़ाया उत्सव का माहौल
इस आयोजन के लिए विश्वविद्यालय में पिछले दस दिनों से तैयारियां चल रही थीं। सुबह 11 बजे से झांकियों का दौर शुरू हुआ, जिसमें विभिन्न संकायों के छात्रों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

- दृश्य कला संकाय के छात्रों द्वारा तैयार की गई 5 फीट ऊंची महामना की गीता पाठ करती प्रतिमा विशेष आकर्षण का केंद्र रही।
- नृत्य कला संकाय के छात्रों ने BHU के कुलगीत पर शानदार नृत्य प्रस्तुति दी।
- झांकियों में BHU के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक गौरव को दर्शाया गया, जो सबको आकर्षित कर रहा था।
- यह स्थापना दिवस और वसंतोत्सव का जश्न एक यादगार अवसर बन गया, जिसमें छात्रों और शिक्षकों ने मिलकर BHU के ऐतिहासिक महत्व और भारतीय संस्कृति की महिमा का उत्सव मनाया।
