महाराष्ट्र के नागपुर शहर में 17 मार्च को हुई हिंसा (Nagpur Violence) के बाद लगाए गए कर्फ्यू को रविवार को पूरी तरह से हटा लिया गया है। पुलिस आयुक्त रवींद्र सिंघल ने आदेश जारी कर कोतवाली, तहसील, गणेशपेठ और यशोधरा नगर थाना क्षेत्रों से भी दोपहर 3 बजे से कर्फ्यू हटाने का निर्णय लिया।

Nagpur Violence (नागपुर हिंसा) के बाद नागपुर के 11 थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगाया गया था। इससे पहले, 20 मार्च को नंदनवन और कपिल नगर थाना क्षेत्रों से तथा 22 मार्च को पांचपावली, शांति नगर, लकड़गंज, सक्करदरा और इमामबाड़ा इलाकों से कर्फ्यू हटा लिया गया था।
17 मार्च को नागपुर के मध्य क्षेत्रों में अफवाहों के बाद हिंसा भड़क उठी थी, जिसमें पथराव और आगजनी की घटनाएं हुईं। इस हिंसा में तीन डीसीपी रैंक के अधिकारियों समेत 33 पुलिसकर्मी घायल हो गए थे। कुछ इस तरह Nagpur Violence ने जन्म लिया जिसके बाद पुलिस ने अब तक हिंसा से जुड़े 100 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया है।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को कहा कि हिंसा के दौरान हुई तोड़फोड़ और संपत्ति के नुकसान की भरपाई Nagpur Violence में शामिल दंगाइयों से कराई जाएगी और जरूरत पड़ने पर उनके खिलाफ बुलडोजर की कार्रवाई भी की जाएगी।
पुलिस आयुक्त ने बताया कि संवेदनशील इलाकों में पुलिस की गश्त जारी रहेगी और स्थानीय पुलिस बल तैनात रहेगा। नागरिकों से शांति और सद्भाव बनाए रखने की अपील की गई है।