प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को बिहार के भागलपुर पहुंचे, जहां उन्होंने अपने संबोधन में बिहार में उगाए जाने वाले मखाना का उल्लेख किया। उन्होंने मखाना को सुपर फूड बताते हुए कहा कि वे साल के 365 में से 300 दिन इसे जरूर खाते हैं। पीएम मोदी ने यह भी कहा कि मखाना न केवल भारत में बल्कि वैश्विक स्तर पर भी लोकप्रिय हो चुका है।
लालू यादव का कटाक्ष
पीएम मोदी के मखाना प्रेम पर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने प्रतिक्रिया देते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट किया। उन्होंने व्यंग्य करते हुए लिखा, “इस बार प्रधानमंत्री ने कहा कि वे 300 दिन बिहारी मखाना खाते हैं, अगली बार वे 350 दिन ‘बिहारी भूंजा’ खाएंगे, 100 दिन भागलपुरी सिल्क पहनेंगे, छठ व्रत करेंगे, गंगा स्नान करेंगे, जानकी मंदिर जाएंगे, और बचपन से बिहार से नाता जोड़ लेंगे। इसके अलावा, मधुबनी पेंटिंग्स वाला गमछा या कुर्ता पहनेंगे और भोजपुरी, मगही, अंगिका, बज्जिका, सुरजापुरी, मैथिली जैसी भाषाओं में कुछ पंक्तियों का प्रयोग करेंगे। साथ ही, जननायक कर्पूरी ठाकुर, लोकनायक जयप्रकाश नारायण और अन्य महापुरुषों से संबंध भी बताएंगे।”
पीएम मोदी का पलटवार
अपने भाषण के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने बिना नाम लिए लालू यादव पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पहले किसान संकट में फंसे रहते थे, लेकिन जो लोग पशुओं का चारा खा सकते हैं, वे किसानों की स्थिति सुधारने में कभी सक्षम नहीं हो सकते। उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार ने हालात बदले हैं और किसानों को आधुनिक तकनीक से लैस किया है।
पीएम मोदी ने आगे कहा, “पहले यूरिया की कालाबाजारी होती थी, किसान खाद के लिए संघर्ष करते थे। लेकिन अब स्थिति बदल चुकी है। यदि एनडीए की सरकार न होती, तो किसानों को अब भी लाठियां खानी पड़तीं और यूरिया की एक बोरी 3,000 रुपये में खरीदनी पड़ती।”