जौनपुर। संभल और वाराणसी के बाद अब जौनपुर में मां काली की मूर्ति को दीवार से बंद करने का मामला सामने आया है। सोमवार को शाही पुल के नीचे गुंबद के पास हिंदू पक्ष के लोग पहुंचे और मूर्ति को दीवार से बंद करने का आरोप लगाया। स्वामी अंबुजानंद के नेतृत्व में पहुंचे लोगों ने पूजा-अर्चना कर प्रशासन को दो दिन में दीवार गिराने का अल्टीमेटम दिया।
प्रशासन ने जताई अनभिज्ञता
सिटी मजिस्ट्रेट इंद्रनंदन सिंह ने मामले की जानकारी से अनभिज्ञता जताई और कहा कि पुरातत्व विभाग से बात की जाएगी कि वहां मंदिर था या नहीं। उन्होंने कहा कि ऐसे ही किसी दीवार को तोड़ा नहीं जा सकता।
12वीं सदी का मंदिर होने का दावा
स्वामी अंबुजानंद ने दावा किया कि यह मंदिर 12वीं सदी का है और लंबे समय से लोग यहां पूजा करते आ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ साल पहले प्रशासन ने मंदिर को दीवार से बंद करा दिया था।
हिंदू पक्ष ने दी चेतावनी
स्वामी अंबुजानंद और उनके समर्थकों ने मांग की कि दीवार तोड़कर यह स्पष्ट किया जाए कि अंदर मां काली की मूर्ति है या नहीं। उन्होंने दो दिन के अंदर कार्रवाई न होने पर विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
जांच की तैयारी में प्रशासन
प्रशासन ने पुरातत्व विभाग से इस मामले में रिपोर्ट मांगने की बात कही है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।