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Gold Silver Price Today: डॉलर मजबूत होते ही फिसले सोने-चांदी के दाम, जानें आपके शहर में क्या है रेट

 

Gold Silver Price Today: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव तथा वैश्विक बाजार में अनिश्चितता के माहौल के बीच सोने और चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ने के बावजूद शुक्रवार 16 मई को घरेलू बाजार में दोनों कीमती धातुओं के दामों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई।

विशेषज्ञों के मुताबिक डॉलर इंडेक्स में मजबूती और निवेशकों की मुनाफावसूली के कारण सोना और चांदी दोनों में तेज बिकवाली देखने को मिली।

MCX पर सोना और चांदी टूटे

मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने के वायदा भाव में 1.52 फीसदी यानी करीब ₹2,478 की गिरावट दर्ज की गई। इसके बाद सोना गिरकर ₹1,59,500 के इंट्राडे लो तक पहुंच गया।

वहीं चांदी में और भी बड़ी गिरावट देखने को मिली। चांदी का भाव 4.12 फीसदी यानी करीब ₹12,000 टूटकर ₹2,79,102 तक पहुंच गया।

देश के बड़े शहरों में सोने का भाव

नई दिल्ली
24 कैरेट: ₹15,805 प्रति ग्राम
22 कैरेट: ₹14,489 प्रति ग्राम
18 कैरेट: ₹11,857 प्रति ग्राम
मुंबई
24 कैरेट: ₹15,790 प्रति ग्राम
22 कैरेट: ₹14,474 प्रति ग्राम
चेन्नई
24 कैरेट: ₹16,107 प्रति ग्राम
22 कैरेट: ₹14,764 प्रति ग्राम
कोलकाता
24 कैरेट: ₹15,790 प्रति ग्राम
22 कैरेट: ₹14,474 प्रति ग्राम
बेंगलुरु
24 कैरेट: ₹15,790 प्रति ग्राम
22 कैरेट: ₹14,474 प्रति ग्राम
आज का चांदी का रेट

भारत में फिलहाल चांदी की कीमत ₹289.80 प्रति ग्राम और ₹2,89,900 प्रति किलोग्राम दर्ज की गई है।

प्रमुख शहरों में चांदी के दाम

दिल्ली और मुंबई

10 ग्राम: ₹2,899
100 ग्राम: ₹28,990
1 किलो: ₹2,89,900

चेन्नई और हैदराबाद

10 ग्राम: ₹3,049
100 ग्राम: ₹30,490
1 किलो: ₹3,04,900
अप्रैल में बढ़ा सोने का आयात

भारत में अप्रैल महीने के दौरान सोने के आयात में जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की गई। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, अप्रैल में गोल्ड इंपोर्ट 81.69 फीसदी बढ़कर 5.62 अरब डॉलर पहुंच गया।

वहीं चांदी का आयात 157.16 फीसदी बढ़कर 41.1 करोड़ डॉलर हो गया।

वित्त वर्ष 2025-26 में भारत का कुल सोना आयात 24 फीसदी बढ़कर रिकॉर्ड 71.98 अरब डॉलर तक पहुंच गया। हालांकि मात्रा के हिसाब से इसमें 4.76 फीसदी की कमी दर्ज की गई और कुल आयात 721.03 टन रहा।

चांदी के आयात में भी तेज उछाल देखने को मिला। यह लगभग 150 फीसदी बढ़कर 12 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जबकि मात्रा के लिहाज से यह 42 फीसदी बढ़कर 7,334.96 टन हो गया।