AC कोच में कंबल-चादर चुराने वालों की अब खैर नहीं! रेलवे ला रहा नया सुरक्षा सिस्टम
नई दिल्ली: भारतीय रेलवे की एसी ट्रेनों में यात्रियों को मिलने वाले कंबल, चादर और तौलियों की चोरी अब रेलवे के लिए बड़ी चुनौती बन गई है। इसे रोकने के लिए रेल मंत्रालय जल्द ही नया सुरक्षा सिस्टम लागू करने जा रहा है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने घोषणा की है कि अगले दो महीने के भीतर बेडरोल चोरी रोकने के लिए आधुनिक व्यवस्था लागू कर दी जाएगी।
रेल मंत्री ने बताया कि फिलहाल नए सिस्टम की तकनीकी जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है, लेकिन इसे जल्द ही पूरे देश में लागू किया जाएगा ताकि रेलवे की संपत्ति की चोरी पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
4 साल में 1.27 करोड़ बेडरोल चोरी
आरटीआई से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार जनवरी 2022 से मई 2026 के बीच भारतीय रेलवे के रिजर्वेशन कोच से करीब 1.27 करोड़ कंबल, चादर और तौलिये चोरी हो चुके हैं। रेलवे का मानना है कि यात्रा समाप्त होने के बाद कुछ यात्री इन सामानों को अपने बैग में रखकर ले जाते हैं, जिससे हर साल करोड़ों रुपये का नुकसान होता है।
रेलवे में 8 नए सुधारों की घोषणा
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भारतीय रेलवे को अधिक आधुनिक, सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए आठ नए सुधारों का भी ऐलान किया। इनमें प्रमुख सुधार इस प्रकार हैं—
- फ्लाई ऐश का सुरक्षित परिवहन: अब कोयले की राख बंद कंटेनरों में भेजी जाएगी, जिससे प्रदूषण कम होगा।
- खाद की ढुलाई आसान: अब मालभाड़ा 'प्रति टन प्रति किलोमीटर' के आधार पर तय होगा और खाद कंटेनरों में भी भेजी जा सकेगी।
- अनाज का सुरक्षित परिवहन: अनाज और दालों की ढुलाई बंद कंटेनरों में होगी, जिससे बर्बादी कम होगी।
- कंटेनर व्यवसाय के लिए एकीकृत लाइसेंस: कंपनियों को अब एक ही लाइसेंस में विभिन्न प्रकार के कंटेनर संचालन की सुविधा मिलेगी।
- रेलवे स्किल सर्टिफिकेशन: रेलवे परियोजनाओं में कार्यरत श्रमिकों के लिए कौशल प्रमाणन व्यवस्था लागू होगी।
- ठेकेदारों के नियमों में बदलाव: कॉन्ट्रैक्ट प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनाई जाएगी और बीमा अनिवार्य होगा।
- प्राइवेट कंपनियां खुद डिजाइन करेंगी वैगन: उद्योग अपनी जरूरत के अनुसार मालगाड़ी के डिब्बों का डिजाइन तैयार कर सकेंगे।
तेल और पेट्रोलियम ढुलाई का आधुनिकीकरण: तेल कंपनियां अब विशेष टैंक वैगन डिजाइन और लीज पर ले सकेंगी।
पारदर्शिता, सुरक्षा और गति पर जोर
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि इन सभी सुधारों का उद्देश्य भारतीय रेलवे को दुनिया के सबसे आधुनिक रेल नेटवर्क में बदलना है। उन्होंने कहा कि सरकार यात्रियों की सुविधा, रेलवे की संपत्ति की सुरक्षा और माल परिवहन को अधिक तेज, सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए लगातार सुधार कर रही है।
