बरेका में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया 80वां स्वतंत्रता दिवस, GM आशुतोष पंत ने फहराया तिरंगा
वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में शनिवार को देश का 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास, गरिमा और देशभक्ति के वातावरण में मनाया गया। बरेका स्टेडियम में आयोजित मुख्य समारोह में महाप्रबंधक आशुतोष पंत ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और राष्ट्रध्वज को सलामी दी। इस दौरान रेलवे सुरक्षा बल, सेंट जॉन्स एम्बुलेंस ब्रिगेड, नागरिक सुरक्षा दल, भारत स्काउट एवं गाइड तथा बरेका इंटर कॉलेज की विभिन्न टुकड़ियों ने परेड में हिस्सा लिया।
ध्वजारोहण और राष्ट्रगान के बाद महाप्रबंधक ने परेड का निरीक्षण किया। पूरे परिसर में देशभक्ति गीतों और नारों से वातावरण राष्ट्रप्रेम से ओतप्रोत रहा।
अपने संबोधन में महाप्रबंधक आशुतोष पंत ने स्वतंत्रता संग्राम के अमर बलिदानियों और राष्ट्र निर्माताओं को नमन करते हुए कहा कि भारत की स्वतंत्रता असंख्य वीरों के त्याग, संघर्ष और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि इस स्वतंत्रता की गरिमा और अखंडता को बनाए रखना हर नागरिक का दायित्व है।
उन्होंने बरेका की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि “बरेका सिर्फ एक कारखाना नहीं है, बरेका है—विरासत बनारस की, गति आधुनिक भारत की।” उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में बरेका को 460 विद्युत रेल इंजनों के निर्माण का लक्ष्य मिला है, जिसमें 166 अमृत भारत लोकोमोटिव शामिल हैं। चालू वित्तीय वर्ष में अब तक 190 से अधिक रेल इंजनों का निर्माण किया जा चुका है।
महाप्रबंधक ने बताया कि जुलाई 2026 में बरेका ने 65 विद्युत लोकोमोटिव का निर्माण कर अब तक का सर्वाधिक मासिक उत्पादन दर्ज किया। वहीं वित्तीय वर्ष 2025-26 में बरेका ने रिकॉर्ड लोकोमोटिव उत्पादन किया। उन्होंने कहा कि स्थापना से अब तक बरेका 11,400 से अधिक रेल इंजनों का निर्माण कर चुका है।
उन्होंने बताया कि बरेका में निर्मित आधुनिक लोकोमोटिव में कवच सुरक्षा प्रणाली, वॉटरलेस यूरिनल, इलेक्ट्रिक वाइपर, एर्गोनॉमिक क्रू सीट, इंस्पेक्टर सीट सहित कई आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके साथ ही अत्याधुनिक अमृत भारत पुश-पुल लोकोमोटिव के निर्माण को भी गति दी जा रही है।
महाप्रबंधक ने कहा कि बरेका की तकनीकी क्षमता अब वैश्विक स्तर पर पहचान बना चुकी है। अब तक 11 देशों को 180 से अधिक लोकोमोटिव निर्यात किए जा चुके हैं। मोजाम्बिक, दक्षिण अफ्रीका और बांग्लादेश सहित कई देशों से संबंधित परियोजनाओं पर भी कार्य जारी है।
पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में बरेका की पहल का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि बरेका परिसर में 3,874 किलोवाट क्षमता के सौर ऊर्जा संयंत्र संचालित हैं, जिनसे कुल विद्युत आवश्यकता का लगभग 19 प्रतिशत हिस्सा पूरा किया जा रहा है। इस वर्ष 5,000 पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरणीय उत्कृष्टता के लिए बरेका को GreenCo Gold प्रमाण-पत्र भी प्राप्त हुआ है।
कौशल विकास पर जोर देते हुए महाप्रबंधक ने बताया कि जून 2026 तक 800 से अधिक कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया है। इसके अलावा 1,100 से अधिक इंजीनियरिंग और डिप्लोमा विद्यार्थियों को ग्रीष्मकालीन औद्योगिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
समारोह में बरेका इंटर कॉलेज के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के मेधावी छात्र-छात्राओं को प्रमाण-पत्र एवं पुरस्कार प्रदान किए गए। साथ ही दिव्यांग कर्मचारियों और उनके आश्रितों को उपयोगी सहायक उपकरण एवं स्मार्ट ग्लास वितरित किए गए।
इसके बाद बरेका संगीत महाविद्यालय, बरेका सांस्कृतिक संस्था, चेतना विद्यालय, बाल निकेतन विद्यालय, सेंट जॉन्स स्कूल और बरेका इंटर कॉलेज के बच्चों ने देशभक्ति गीत, नृत्य और रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
समारोह के बाद महाप्रबंधक आशुतोष पंत बरेका चिकित्सालय पहुंचे, जहां एडवांस्ड हाईटेक मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर का उद्घाटन किया गया। उन्होंने अस्पताल में भर्ती मरीजों का हालचाल जाना। इस दौरान बरेका महिला कल्याण संगठन की ओर से मरीजों को उपहार भी वितरित किए गए।
कार्यक्रम में बरेका के विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारी, कर्मचारी परिषद के पदाधिकारी, अनुसूचित जाति-जनजाति एसोसिएशन के प्रतिनिधि, कर्मचारी और उनके परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन निरीक्षक रेलवे सुरक्षा बल अजय कुमार सिंह और वरिष्ठ लिपिक शैलेन्द्री ने किया।
