Movie prime

अधिवक्ता विकास सिंह ने महंगाई और बेरोजगारी को लेकर सरकार को घेरा, कहा- युवा रोजगार के लिए भटक रहे, सरकार जुमलेबाजी में व्यस्त...

 
Vikash singh
WhatsApp Channel Join Now
Instagram Profile Join Now

वाराणसी में युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष एवं अधिवक्ता विकास सिंह ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर महंगाई, बेरोजगारी और अधिवक्ताओं की समस्याओं को लेकर जमकर निशाना साधा। मंगलवार को मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि देश में पिछले कुछ वर्षों से महंगाई और बेरोजगारी लगातार बढ़ रही है, लेकिन सरकार का इस पर कोई नियंत्रण नहीं है।

विकास सिंह ने कहा कि हाल के दिनों में पेट्रोल और डीजल के दामों में कई बार बढ़ोतरी हुई है, जिससे साफ है कि सरकार महंगाई पर नियंत्रण करने में पूरी तरह विफल साबित हुई है। उन्होंने कहा कि युवा रोजगार के लिए दर-दर भटक रहे हैं, लेकिन सरकार के पास उनके लिए कोई ठोस योजना नहीं है।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी नौकरियों की भर्तियां नहीं निकल रही हैं और देश का शीर्ष नेतृत्व युवाओं को रोजगार देने के बजाय केवल जुमलेबाजी में व्यस्त है। उन्होंने कहा कि देश की जनता महंगाई और बेरोजगारी से परेशान है, जबकि सरकार मूल समस्याओं पर ध्यान देने के बजाय केवल प्रचार में लगी हुई है।

सवाल उठाने पर फर्जी मुकदमों का आरोप

विकास सिंह ने कहा कि यदि सरकार की नीतियों पर सवाल उठाया जाता है तो विरोध करने वालों पर फर्जी मुकदमे दर्ज कर दिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता को सरकार से सवाल पूछने का संवैधानिक अधिकार है।

उन्होंने प्रधानमंत्री Narendra Modi पर निशाना साधते हुए कहा कि बीते कई वर्षों से सरकार में रहने के बावजूद हर मुद्दे के लिए कांग्रेस और पूर्व नेताओं को जिम्मेदार ठहराया जाता है। उन्होंने नोटबंदी और काले धन के मुद्दे पर भी सवाल उठाए।

अग्निवीर योजना को लेकर भी जताई चिंता

विकास सिंह ने अग्निवीर योजना पर चिंता जताते हुए कहा कि पांच साल की सेवा के बाद यदि प्रशिक्षित युवाओं को रोजगार नहीं मिला तो उसके गंभीर सामाजिक परिणाम हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को युवाओं के भविष्य और रोजगार के अवसरों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।

अधिवक्ताओं की स्थिति पर भी उठाए सवाल

एक अधिवक्ता होने के नाते विकास सिंह ने वकीलों की सुरक्षा और समस्याओं का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लगातार अधिवक्ताओं पर हमले हो रहे हैं, उनकी हत्याएं हो रही हैं और उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है, लेकिन सरकार इस पर गंभीर नहीं है।

उन्होंने अधिवक्ता प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने की मांग दोहराते हुए कहा कि लंबे समय से वकील इसकी मांग कर रहे हैं, लेकिन सरकार इस दिशा में कोई कदम नहीं उठा रही।

लखनऊ में अधिवक्ताओं के चैंबर तोड़े जाने की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने इसे तानाशाही करार दिया। साथ ही आरोप लगाया कि सरकार पूंजीपतियों के दबाव में काम कर रही है और अधिवक्ताओं की समस्याओं की अनदेखी कर रही है।

कानून व्यवस्था पर भी साधा निशाना

विकास सिंह ने कहा कि प्रदेश में अपराध और भ्रष्टाचार बढ़ रहा है। आए दिन सड़क पर आपराधिक घटनाएं हो रही हैं और सरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने अपराध और भ्रष्टाचार मुक्त शासन का दावा किया था, लेकिन जमीनी हकीकत इससे अलग दिखाई दे रही है।