पत्नी को सम्मान नहीं, तो नारी सम्मान की बात कैसी... वाराणसी में अजय राय का PM मोदी पर बड़ा हमला
वाराणसी में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर प्रधानमंत्री मोदी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जो अपनी पत्नी जशोदाबेन को सम्मान नहीं दे सकते, वे नारी सम्मान की बात कैसे कर सकते हैं। नारी शक्ति वंदन बिल को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए।
वाराणसी: नारी शक्ति वंदन संशोधन अधिनियम के संसद में पारित न होने के बाद सियासी घमासान तेज हो गया है। इसी क्रम में वाराणसी में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला। इस दौरान वह अपनी पत्नी रीना राय के साथ मौजूद रहे और मुद्दे को व्यक्तिगत सम्मान से जोड़ते हुए सरकार को घेरा।
पत्नी को सम्मान नहीं देना सबसे बड़ा पाप - अजय राय
प्रेस वार्ता के दौरान अजय राय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी पत्नी जशोदाबेन को सम्मान न देकर सबसे बड़ा पाप किया है। उन्होंने कहा कि- प्रधानमंत्री सबसे बड़ा पाप कर रहे हैं, जो अपनी धर्मपत्नी जशोदाबेन को सम्मान नहीं दे रहे हैं। जिस दिन आप उन्हें सम्मान देंगे, तब हम मानेंगे कि आपके मन में महिलाओं के प्रति सच्चा भाव है।
पत्नी के साथ मंच पर पहुंचे, दिया राजनीतिक संदेश
अजय राय इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी पत्नी रीना राय के साथ पहुंचे और इसे एक प्रतीकात्मक संदेश बताया। उन्होंने कहा कि - मैं अपनी पत्नी के साथ यहां मौजूद हूं, लेकिन प्रधानमंत्री कभी अपनी पत्नी के साथ नजर नहीं आते। अगर वह महिलाओं के सम्मान की बात करते हैं, तो उन्हें अपने जीवन में भी इसे दिखाना चाहिए।
काशी दौरे में जशोदाबेन को साथ लाने की मांग
अजय राय ने मांग की कि प्रधानमंत्री अपने आगामी काशी दौरे में अपनी पत्नी जशोदाबेन को साथ लेकर आएं। उन्होंने कहा कि इससे यह संदेश जाएगा कि वह महिलाओं का सम्मान करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री वर्षों से वाराणसी के सांसद हैं, लेकिन कभी भी अपनी पत्नी के साथ बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए नहीं आए।
नारी वंदन सिर्फ राजनीतिक नारा
अजय राय ने नारी शक्ति वंदन को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि- नारी वंदन सिर्फ एक छलावा है। जो अपनी पत्नी का सम्मान नहीं कर सकता, वह देश की महिलाओं का सम्मान कैसे करेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि जशोदाबेन के साथ न्याय नहीं हुआ और उन्हें वह सम्मान नहीं मिला, जिसकी वह हकदार हैं।
व्यक्तिगत नहीं, सामाजिक मुद्दा बताया
जब इस मुद्दे को व्यक्तिगत करार देने पर सवाल किया गया, तो अजय राय ने कहा कि यह केवल व्यक्तिगत नहीं बल्कि सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारी का मुद्दा है। उन्होंने कहा कि- अगर कोई व्यक्ति अपने परिवार और पत्नी का सम्मान नहीं करता, तो समाज और देश के प्रति उसका दृष्टिकोण भी सवालों के घेरे में आता है।
