नागरिक कर्तव्य और नैतिकता से महान बनता है राष्ट्र : सुधीर शांतिलाल रावल
Varanasi : महामना मदन मोहन मालवीय हिन्दी पत्रकारिता संस्थान और पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग, महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार को “मैं महान तो मेरा भारत महान : नागरिक कर्तव्य और नैतिकता” विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी और झारखंड स्थापना दिवस पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम डॉ. भगवान दास केंद्रीय पुस्तकालय स्थित समिति कक्ष में संपन्न हुआ।

मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित वरिष्ठ पत्रकार, स्तम्भकार एवं राजनैतिक विश्लेषक सुधीर शांतिलाल रावल ने कहा कि कोई भी राष्ट्र उसकी संस्कृति, नागरिक कर्तव्यों और नैतिकता से महान बनता है। उन्होंने छात्रों से आवाह्न किया कि देश उनसे क्या करेगा, यह सोचने के बजाय उन्हें देश के लिए अपने योगदान पर विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि नैतिकता हर क्षेत्र में कमजोर हुई है, लेकिन ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा ही समाज में सकारात्मक प्रभाव छोड़ती है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए काशी विद्यापीठ के कुलपति प्रो. आनन्द कुमार त्यागी ने कहा कि राष्ट्र की महानता उसके नागरिकों पर निर्भर करती है। प्रत्येक नागरिक में राष्ट्र प्रथम की भावना और मानवीय गुणों का समावेश होना चाहिए। उन्होंने कहा कि भयमुक्त समाज का निर्माण हमारा सामूहिक दायित्व है और नागरिक जब मजबूत होंगे तो राष्ट्र स्वतः मजबूत होगा।

कार्यक्रम में झारखंड स्थापना दिवस पर आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए गए। स्वागत भाषण कार्यक्रम संयोजक एवं संस्थान निदेशक डॉ. नागेंद्र कुमार ने दिया, जबकि संचालन डॉ. प्रभा शंकर मिश्र और धन्यवाद ज्ञापन छात्र कल्याण संकायाध्यक्ष प्रो. राजेश कुमार मिश्र ने किया।

इस अवसर पर कुलानुशासक प्रो. के.के. सिंह, प्रो. संगीता घोष, डॉ. सुरेन्द्र सिंह, डॉ. संतोष कुमार मिश्र, डॉ. नागेंद्र पाठक, डॉ. मनोहर लाल, डॉ. गिरीश दुबे, डॉ. अजय वर्मा, डॉ. शिवजी सिंह, डॉ. मुंकेश कुमार शुक्ल, डॉ. अमित कुमार सिंह, डॉ. चन्द्रशील पांडेय, डॉ. सरिता राव, डॉ. अर्चना सिंह, खुश्बू सिंह, दिलकशा, स्तुति, पीयूष, सौरभ, पुलकित, मनीष, श्रवण, मुदित, रिया, जान्हवी, जुली सहित शिक्षक व छात्र- छात्राएं आदि उपस्थित रहे।
