वाराणसी में कुत्ते-बिल्लियों का शौक पड़ेगा महंगा, रजिस्ट्रेशन नहीं कराया तो लगेगा तगड़ा जुर्माना, जानें क्या है नया नियम
वाराणसी में अब पालतू कुत्ते और बिल्लियां पालने वालों के लिए नया नियम लागू किया जा रहा है। नगर निगम ने शहरी सीमा में पालतू जानवरों का पंजीकरण अनिवार्य करने की तैयारी शुरू कर दी है। नियमों का पालन न करने पर पशुपालकों को जुर्माने के साथ कानूनी कार्रवाई का सामना भी करना पड़ सकता है।
ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों सुविधा
नगर निगम ने पंजीकरण प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बना दिया है। अब पशुपालक स्मार्ट काशी ऐप के जरिए घर बैठे अपने पालतू डॉग और कैट का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।
इसके अलावा ऑफलाइन सुविधा भी उपलब्ध रहेगी, ताकि लोगों को दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें।
500 से 5000 रुपये तक जुर्माना
डॉ. संतोष पाल ने बताया कि यह व्यवस्था पशुओं की सुरक्षा और शहर में पालतू जानवरों का सटीक डेटा तैयार करने के उद्देश्य से लागू की जा रही है।
उन्होंने कहा कि रजिस्ट्रेशन न कराने वाले पशुपालकों पर 500 रुपये से लेकर 5000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। गंभीर मामलों में पालतू जानवर जब्त करने जैसी कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
कुछ नस्लों पर लगाया गया प्रतिबंध
नगर निगम ने कुछ आक्रामक नस्लों के कुत्तों पर विशेष पाबंदी भी लगाई है। इनमें:
- पिटबुल
- रॉटवीलर
- डोगो अर्जेंटीनो
- तोसा
- फाइला ब्रासीलियो
जैसी नस्लें शामिल हैं।
नगर आयुक्त ने की अपील
हिमांशु नागपाल ने कहा कि पंजीकरण प्रक्रिया को पारदर्शी और आसान बनाया गया है। उन्होंने लोगों से समय रहते अपने पालतू जानवरों का रजिस्ट्रेशन कराने की अपील की, ताकि भविष्य में किसी तरह की कार्रवाई या जुर्माने से बचा जा सके।
