UP College गेट के सामने 12वीं की छात्रा को ऑटो में खींचकर ले गए दबंग, परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
वाराणसी। शिवपुर थाना क्षेत्र के यूपी कॉलेज गेट के पास गुरुवार सुबह कक्षा 12वीं की एक छात्रा के कथित अपहरण का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि स्कूल जा रही 17 वर्षीय छात्रा को ऑटो सवार दबंग युवक अपने साथियों के साथ जबरन ऑटो में खींचकर ले गए। छात्रा अपनी ममेरी बहन के साथ स्कूल जा रही थी। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
सहेली के सामने छात्रा को ऑटो में खींचकर ले गए आरोपी
शिवपुर के चुपेपुर निवासी लखी सोनकर के मुताबिक, उनकी 17 वर्षीय बेटी शर्मिष्ठा सोनकर और उनके साले की बेटी तनु सोनकर रानी मुरारका इंटर कॉलेज में पढ़ती हैं। शर्मिष्ठा पढ़ाई में बेहद होनहार है और हाईस्कूल में कॉलेज टॉप कर चुकी है।
गुरुवार सुबह करीब 7 बजे दोनों बहनें रोज की तरह स्कूल जा रही थीं। आरोप है कि यूपी कॉलेज के मुख्य गेट के पास पहले से ऑटो लेकर खड़े अनिकेत सोनकर ने अपने दो साथियों के साथ उनका रास्ता रोक लिया। इसके बाद आरोपियों ने शर्मिष्ठा को जबरन पकड़कर ऑटो में खींचना शुरू कर दिया। छात्रा और आरोपियों के बीच हाथापाई और रस्साकशी भी हुई, लेकिन आरोपियों ने उसे धक्का देकर ऑटो में डाल लिया और मौके से फरार हो गए।
क्लास टीचर के फोन से परिजनों को दी गई सूचना
घटना से डरी-सहमी तनु किसी तरह स्कूल पहुंची और क्लास टीचर को पूरी घटना बताई। इसके बाद शिक्षक के मोबाइल से परिजनों को सूचना दी गई। जानकारी मिलते ही परिजन पहले स्थानीय पुलिस चौकी और फिर शिवपुर थाने पहुंचे।
पुलिस पर तहरीर बदलवाने का आरोप
पीड़ित पिता लखी सोनकर ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि सुबह ही पुलिस को घटना की सूचना दे दी गई थी, लेकिन पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने दबाव बनाकर मूल तहरीर बदलवाई और अपहरण की जगह छात्रा के बहला-फुसलाकर चले जाने की बात लिखवाई।
परिजनों के मुताबिक, पुलिस ने सुबह से शाम तक मामले को दबाए रखा और घटना के करीब 12 घंटे बाद शाम 7 बजे के बाद तहरीर लेकर केस दर्ज करने की कार्रवाई की।
छात्रा की बरामदगी के लिए दबिश दे रही पुलिस
परिजनों के अनुसार, घटना का मुख्य आरोपी अनिकेत सोनकर भी शिवपुर क्षेत्र का रहने वाला है। देर रात तक पुलिस की टीमें छात्रा की बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश देती रहीं। हालांकि, उस समय तक छात्रा का कोई सुराग नहीं मिल सका था।
घटना के बाद पीड़ित परिवार गहरे सदमे और आक्रोश में है। वहीं, इस पूरे मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं।
