मछलीशहर सांसद प्रिया सरोज ने न्यूयॉर्क में UNDP कार्यक्रम में लिया हिस्सा, वैश्विक विकास के मुद्दों पर हुई चर्चा
वाराणसी। भारतीय संसद के प्रतिनिधिमंडल के साथ न्यूयॉर्क दौरे पर गईं युवा सांसद प्रिया सरोज ने संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (UNDP) के प्रतिनिधियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। इस दौरान सतत विकास, भारत-UNDP साझेदारी और वैश्विक विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। सांसद प्रिया सरोज ने बैठक से जुड़ी जानकारी अपने सोशल मीडिया हैंडल पर साझा की है।
बैठक का मुख्य उद्देश्य UNDP के कार्यों और भारत के साथ उसकी दीर्घकालिक साझेदारी को बेहतर ढंग से समझना तथा विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर विचारों का आदान-प्रदान करना था। भारतीय प्रतिनिधिमंडल और UNDP के प्रतिनिधियों के बीच साझा प्राथमिकताओं और भविष्य में सहयोग की संभावनाओं को लेकर भी चर्चा हुई।
सतत विकास लक्ष्यों पर हुआ मंथन
बैठक के दौरान संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) को हासिल करने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों पर विचार-विमर्श किया गया। भारत में चल रही विकास योजनाओं, सामाजिक और आर्थिक प्रगति तथा इन पहलों को वैश्विक मंच पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के विषय पर भी बातचीत हुई।
इसके साथ ही भारत के विकास एजेंडे को आगे बढ़ाने और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के साथ सहयोग को मजबूत करने की संभावनाओं पर चर्चा की गई। सांसद प्रिया सरोज ने इस संवाद को सार्थक बताते हुए भारत और UNDP के बीच मजबूत साझेदारी के महत्व को रेखांकित किया।
वैश्विक मंच पर युवा और महिला नेतृत्व की भागीदारी
प्रिया सरोज की इस बैठक को वैश्विक मंच पर भारत के युवा और महिला नेतृत्व की बढ़ती भागीदारी के रूप में भी देखा जा रहा है। भारतीय संसद के प्रतिनिधिमंडल में शामिल होकर अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के प्रतिनिधियों के साथ विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करना युवा सांसदों की सक्रिय भूमिका को दर्शाता है।
सांसद प्रिया सरोज ने सोशल मीडिया के माध्यम से बैठक की तस्वीरें और जानकारी साझा करते हुए भारत की वैश्विक भूमिका तथा अंतरराष्ट्रीय सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया।
यह दौरा ऐसे समय में हुआ है, जब भारत सतत विकास, सामाजिक समावेशन और आर्थिक प्रगति से जुड़े अपने अनुभवों को वैश्विक मंचों पर लगातार साझा कर रहा है। UNDP के प्रतिनिधियों के साथ हुआ यह संवाद भारत और संयुक्त राष्ट्र की विकास एजेंसियों के बीच भविष्य के सहयोग को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
