Movie prime

वाराणसी में जलभराव पर मंत्री ए.के. शर्मा सख्त, अफसरों को फील्ड में उतरने के निर्देश, बोले- लापरवाही मिली तो होगी कार्रवाई

 
Ak
WhatsApp Channel Join Now
Instagram Profile Join Now


वाराणसी। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने बुधवार को वाराणसी में बारिश के बाद जलभराव और विद्युत आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को जलभराव वाले इलाकों में तत्काल राहत पहुंचाने और जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए युद्धस्तर पर काम करने के निर्देश दिए। मंत्री ने साफ कहा कि जनसुविधाओं से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक के दौरान मंत्री ने नालों की सफाई, सीवर और जल निकासी व्यवस्था की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि बारिश के दौरान कहीं भी पानी की निकासी बाधित नहीं होनी चाहिए। जिन इलाकों में जलभराव की समस्या बनी हुई है, वहां तत्काल आवश्यक कदम उठाकर लोगों को राहत दी जाए। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने और फील्ड में उतरकर व्यवस्थाओं की निगरानी करने के निर्देश दिए।

विद्युत आपूर्ति की समीक्षा करते हुए ए.के. शर्मा ने बारिश के दौरान निर्बाध और सुरक्षित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने विद्युत पोल, तार, ट्रांसफार्मर और अन्य उपकरणों का लगातार निरीक्षण करने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते रोका जा सके। जलभराव वाले क्षेत्रों में बिजली के तार टूटने या करंट फैलने जैसी स्थिति सामने आने पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया।

मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सिर्फ कार्यालयों में बैठकर स्थिति की समीक्षा न करें, बल्कि मौके पर जाकर समस्याओं का जायजा लें और उनका तेजी से समाधान कराएं। उन्होंने कहा कि वाराणसी धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण शहर है, इसलिए यहां लोगों को सुरक्षित और सुगम सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता होनी चाहिए।

ए.के. शर्मा ने जिला प्रशासन और संबंधित विभागों को बारिश के दौरान विशेष सतर्कता बरतने, जलभराव वाले क्षेत्रों पर लगातार नजर रखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जरूरी इंतजाम पहले से तैयार रखने के निर्देश दिए।

बैठक में पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक संदीप कुमार, नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल समेत नगर विकास, विद्युत और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।