अब नहीं चलेगी निजी स्कूलों की मनमानी : DM ने मांगी 3 साल की फीस डिटेल, शिकायत के लिए कंट्रोल रूम नंबर जारी
Apr 18, 2026, 10:48 IST
WhatsApp Channel
Join Now
Facebook Profile
Join Now
Instagram Profile
Join Now
वाराणसी: निजी स्कूलों द्वारा मनमानी फीस वसूली और अभिभावकों को तय दुकानों से किताबें व यूनिफॉर्म खरीदने के लिए मजबूर करने की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद प्रशासन अब सख्त हो गया है। जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए साफ निर्देश दिए हैं कि ऐसे स्कूलों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
तीन साल की फीस का हिसाब मांगा
डीएम ने सभी निजी स्कूलों से पिछले तीन शैक्षणिक सत्रों की फीस का पूरा ब्योरा मांगा है। साथ ही DIOS और BSA को निर्देश दिया गया है कि वे इस पूरे मामले की निगरानी करें और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कदम उठाएं।
शिकायत के लिए कंट्रोल रूम शुरू
अभिभावकों की सुविधा के लिए DIOS कार्यालय में कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया है।
हेल्पलाइन नंबर: 0542-2509413
इस नंबर पर अभिभावक फीस वृद्धि, किताबों और यूनिफॉर्म से जुड़ी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखी जाएगी और जांच के बाद दोषी स्कूलों पर कार्रवाई होगी।
औचक निरीक्षण के आदेश
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि स्कूलों का नियमित औचक निरीक्षण किया जाए। निरीक्षण के दौरान अभिभावकों और छात्रों से फीडबैक भी लिया जाएगा। अगर कहीं नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो संबंधित स्कूल के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्कूलों को देना होगा प्रमाण पत्र
प्रशासन ने सभी स्कूलों के लिए कुछ सख्त शर्तें तय की हैं—
पिछले 3 साल के ऑडिटेड फाइनेंशियल रिकॉर्ड जमा करना अनिवार्य
फीस वृद्धि तय मानकों और औचित्य के आधार पर ही मान्य होगी
उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) + 5% से ज्यादा फीस वृद्धि नहीं
छात्रों को किसी विशेष दुकान से किताब/ड्रेस खरीदने के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा
5 साल के भीतर यूनिफॉर्म में बदलाव नहीं किया जाएगा
शुल्क निर्धारण में पारदर्शिता बनाए रखना जरूरी
बैठक में लिए गए अहम फैसले
इस मुद्दे पर आयोजित बैठक में भोलेंद्र प्रताप सिंह सहित अन्य अधिकारी, चार्टर्ड अकाउंटेंट, विद्यालय प्रबंधन और अभिभावक प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
तीन साल की फीस का हिसाब मांगा
डीएम ने सभी निजी स्कूलों से पिछले तीन शैक्षणिक सत्रों की फीस का पूरा ब्योरा मांगा है। साथ ही DIOS और BSA को निर्देश दिया गया है कि वे इस पूरे मामले की निगरानी करें और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कदम उठाएं।
शिकायत के लिए कंट्रोल रूम शुरू
अभिभावकों की सुविधा के लिए DIOS कार्यालय में कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया है।
हेल्पलाइन नंबर: 0542-2509413
इस नंबर पर अभिभावक फीस वृद्धि, किताबों और यूनिफॉर्म से जुड़ी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखी जाएगी और जांच के बाद दोषी स्कूलों पर कार्रवाई होगी।
औचक निरीक्षण के आदेश
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि स्कूलों का नियमित औचक निरीक्षण किया जाए। निरीक्षण के दौरान अभिभावकों और छात्रों से फीडबैक भी लिया जाएगा। अगर कहीं नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो संबंधित स्कूल के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्कूलों को देना होगा प्रमाण पत्र
प्रशासन ने सभी स्कूलों के लिए कुछ सख्त शर्तें तय की हैं—
पिछले 3 साल के ऑडिटेड फाइनेंशियल रिकॉर्ड जमा करना अनिवार्य
फीस वृद्धि तय मानकों और औचित्य के आधार पर ही मान्य होगी
उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) + 5% से ज्यादा फीस वृद्धि नहीं
छात्रों को किसी विशेष दुकान से किताब/ड्रेस खरीदने के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा
5 साल के भीतर यूनिफॉर्म में बदलाव नहीं किया जाएगा
शुल्क निर्धारण में पारदर्शिता बनाए रखना जरूरी
बैठक में लिए गए अहम फैसले
इस मुद्दे पर आयोजित बैठक में भोलेंद्र प्रताप सिंह सहित अन्य अधिकारी, चार्टर्ड अकाउंटेंट, विद्यालय प्रबंधन और अभिभावक प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
