वाराणसी से SpiceJet की आखिरी उड़ान भी बंद, 25 जून से खत्म होंगी सभी सेवाएं
वाराणसी के लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से 25 जून से स्पाइसजेट की सभी यात्री सेवाएं बंद हो जाएंगी। बढ़ती परिचालन लागत और यात्रियों की घटती संख्या के कारण विभिन्न एयरलाइंस की करीब 12 उड़ानें पहले ही बंद हो चुकी हैं, जिससे किराया बढ़ने की आशंका है।
वाराणसी: लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से हवाई यात्रियों के लिए एक बड़ा झटका सामने आया है। निजी विमानन कंपनी स्पाइसजेट 25 जून से वाराणसी से अपनी सभी यात्री सेवाएं पूरी तरह बंद करने जा रही है। वर्तमान में कंपनी केवल मुंबई-वाराणसी-मुंबई सेक्टर पर उड़ान संचालित कर रही थी, जिसे भी अब समाप्त किया जा रहा है।
25 जून से वाराणसी में नहीं दिखेगा SpiceJet का विमान
एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार स्पाइसजेट ने बढ़ती परिचालन लागत और यात्रियों की घटती संख्या को देखते हुए वाराणसी से अपनी अंतिम सेवा भी बंद करने का फैसला लिया है। इससे पहले कंपनी दिल्ली, पुणे और मुंबई सहित कई प्रमुख शहरों के लिए उड़ानें संचालित करती थी, लेकिन समय के साथ एक-एक कर सभी सेवाएं समाप्त कर दी गईं।
अब 25 जून के बाद स्पाइसजेट का वाराणसी एयरपोर्ट से कोई भी नियमित यात्री संचालन नहीं रहेगा।
ईंधन महंगा होने से बढ़ा एयरलाइंस पर दबाव
विमानन क्षेत्र से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि विमान ईंधन (ATF) की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी ने एयरलाइंस के परिचालन खर्च को काफी बढ़ा दिया है। पिछले दो महीनों में ईंधन की कीमतों में हुई वृद्धि का सीधा असर एयरलाइंस की वित्तीय स्थिति पर पड़ा है। यही वजह है कि कई कंपनियां कम यात्रियों वाले या घाटे वाले रूट्स पर अपनी सेवाएं बंद कर रही हैं।
केवल SpiceJet नहीं, 12 उड़ानें पहले ही हो चुकी हैं बंद
वाराणसी एयरपोर्ट पर उड़ानों में कटौती का असर केवल स्पाइसजेट तक सीमित नहीं है। विभिन्न एयरलाइंस पहले ही कई रूट्स पर अपनी सेवाएं बंद कर चुकी हैं।
इंडिगो ने हैदराबाद और बेंगलुरु के लिए अपनी एक-एक उड़ान बंद कर दी है। वहीं एयर इंडिया एक्सप्रेस ने मुंबई और बेंगलुरु रूट की उड़ानों का संचालन रोक दिया है। स्पाइसजेट पहले ही दिल्ली और पुणे की सेवाएं बंद कर चुकी थी और अब मुंबई रूट भी समाप्त कर रही है।
Akasa Air भी अगले महीने बंद करेगी तीन उड़ानें
एविएशन सेक्टर से मिली जानकारी के अनुसार अकासा एयर भी अगले महीने से बेंगलुरु के लिए संचालित अपनी तीन उड़ानें बंद करने जा रही है। वहीं एयर इंडिया ने भी कुछ निर्धारित सेवाओं को रद्द किया है। इस तरह वाराणसी एयरपोर्ट से आने-जाने वाली करीब 12 उड़ानें प्रभावित हो चुकी हैं।
किराया बढ़ने और टिकट संकट की आशंका
विशेषज्ञों का मानना है कि उड़ानों की संख्या घटने से उपलब्ध सीटों पर दबाव बढ़ेगा। इसका सीधा असर हवाई किराए पर पड़ सकता है। खासकर त्योहारों, छुट्टियों और पीक सीजन के दौरान यात्रियों को महंगे टिकट और सीमित सीटों की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। यात्रियों को पहले से अधिक एडवांस बुकिंग करनी पड़ सकती है, जबकि अंतिम समय में टिकट मिलना भी मुश्किल हो सकता है।
एयरपोर्ट पर यात्रियों की बढ़ी चिंता
वाराणसी पूर्वांचल का सबसे बड़ा एयर हब माना जाता है, जहां से उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड के लाखों यात्री हवाई यात्रा करते हैं। लगातार उड़ानों के बंद होने से यात्रियों के साथ-साथ पर्यटन और व्यापारिक गतिविधियों पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
