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वाराणसी में कपड़ा कारोबारी ने खुद को मारी गोली, भाई को फोन कर कहा था- नीचे आओ, वरना खुद को मार लूंगा...

 
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वाराणसी के कैंट थाना क्षेत्र में गुरुवार सुबह एक कपड़ा कारोबारी ने खुद को गोली मारकर जान देने की कोशिश की। 52 वर्षीय विजेंद्र सोनी सुबह करीब 5 बजे टहलते हुए अपने छोटे भाई जितेंद्र सोनी के घर और दुकान के पास पहुंचे। वहां से उन्होंने भाई को फोन कर तुरंत नीचे आने को कहा। उन्होंने यह भी कहा कि अगर भाई नीचे नहीं आया तो वह खुद को गोली मार लेंगे। भाई के नीचे पहुंचने से पहले ही गोली चलने की आवाज आई और विजेंद्र सड़क पर घायल अवस्था में गिर पड़े।

गोली की आवाज सुनकर जितेंद्र और परिवार के अन्य लोग तुरंत बाहर पहुंचे। विजेंद्र को गंभीर हालत में बीएचयू ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक गोली उनकी गर्दन में फंसी हुई है।

परिजनों का कहना है कि विजेंद्र पिछले कुछ समय से आर्थिक परेशानियों से जूझ रहे थे। परिवार के मुताबिक, इसी वजह से वह तनाव और डिप्रेशन में भी थे और वेदांता हॉस्पिटल में उनका इलाज चल रहा था। हालांकि, उन्होंने यह कदम आखिर क्यों उठाया, इसकी स्पष्ट वजह अभी सामने नहीं आई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

एक ही बिल्डिंग में तीनों भाइयों की दुकानें

विजेंद्र सोनी कैंट थाना क्षेत्र के रहने वाले हैं। वह तीन भाइयों में मंझले हैं। पांडेयपुर में एक ही बिल्डिंग में तीनों भाइयों की दुकानें संचालित होती हैं। विजेंद्र की श्री राम साड़ी के नाम से कपड़े की दुकान है। बड़े भाई नरेंद्र सोनी श्रीराम अलंकार ज्वेलर्स चलाते हैं, जबकि छोटे भाई जितेंद्र सोनी जय मां दुर्गा नाम से ज्वेलरी की दुकान संचालित करते हैं।

विजेंद्र के परिवार में पत्नी, एक बेटा और एक बेटी हैं। परिजनों के मुताबिक, उनकी इकलौती बेटी की शादी भी होने वाली है।

भाई ने बताया- नीचे आने से पहले ही चल गई गोली

छोटे भाई जितेंद्र सोनी ने बताया कि गुरुवार सुबह करीब 5 बजे विजेंद्र टहलने निकले थे। करीब 30 मीटर दूर स्थित उनके घर और दुकान के पास पहुंचकर उन्होंने फोन किया और नीचे आने को कहा। सुबह का समय होने के कारण जितेंद्र ने थोड़ी देर बाद मिलने की बात कही।

जितेंद्र के मुताबिक, विजेंद्र ने तत्काल नीचे आने के लिए कहा। इसी दौरान अचानक गोली चलने की आवाज सुनाई दी। वह दौड़कर नीचे पहुंचे तो विजेंद्र सड़क पर घायल पड़े थे। इसके बाद परिवार के लोग उन्हें तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे।

फिलहाल विजेंद्र का बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में इलाज चल रहा है। घटना के पीछे की वास्तविक वजह जानने के लिए पुलिस मामले की जांच कर रही है।