Movie prime

साइबर ठगों का खेल फेल: 10 लाख की ठगी के बाद वाराणसी साइबर पुलिस ने पूरी रकम कराई वापस!

वाराणसी में डिजिटल अरेस्ट के नाम पर 10 लाख की साइबर ठगी का मामला सामने आया। साइबर क्राइम टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पूरी रकम होल्ड कर ली और पीड़ित को वापस दिलाने की प्रक्रिया शुरू की। इस सफल ऑपरेशन के लिए पीड़ित ने पुलिस टीम का आभार जताया।

 
वाराणसी साइबर पुलिस
WhatsApp Channel Join Now
Instagram Profile Join Now

वाराणसी: डिजिटल अरेस्ट के नाम पर की गई साइबर ठगी के एक मामले में वाराणसी साइबर क्राइम पुलिस ने बड़ा सफलता हासिल की है। पुलिस ने पीड़ित से ठगे हुए पूरे 10 लाख रुपये होल्ड करवाकर सुरक्षित उस धनराशि को वापस करवाने की प्रक्रिया शुरु करवा दिया है।

जानकारी के अनुसार, शिवपुर थाना क्षेत्र के निवासी जयप्रकाश सिंह ने 19 मार्च 2026 को साइबर क्राइम थाना में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि साइबर अपराधियों ने उन्हें डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर 10 लाख रुपये की ठगी कर ली।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त के निर्देश पर एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने तत्काल नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर संबंधित बैंकों और साइबर अपराध समन्वय केंद्र से संपर्क स्थापित किया।

मामले में तुरंत कार्रवाई के चलते पूरी ठगी गई धनराशि को समय रहते होल्ड कर लिया गया। इसके बाद न्यायालय से समन्वय कर रकम को पीड़ित के पक्ष में रिलीज कराने की प्रक्रिया शुरू की गई है। अपने मेहनत की कमाई को वापस पाकर पीड़ित जयप्रकाश ने चैन की सांस ली और खुशहोकर साइबर सेल टीम को लिखित धन्यवाद दिया और उनके प्रयासों की सराहना की।


ACP साइबर क्राइम विदुष सक्सेना ने लोगों से अपील की है कि, पुलिस या कोई भी अधिकारी आपको डिजिटल अरेस्ट नहीं कर सकता। ये सभी तरीके साइबर अपराधियों की ट्रिक्स होती है। अगर आपके साथ कभी भी इस तरह की कोई घटना हो तो तुरंत साइबर हेल्प लाइन 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर जाकर कंप्लेन करें।


इस कार्रवाई में साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक उदयवीर सिंह, प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार तिवारी, उपनिरीक्षक आलोक रंजन सिंह, कांस्टेबल रोहित तिवारी और मुरारी कुमार की अहम भूमिका रही।