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वाराणसी में सीवर लाइन के अंदर मिलीं बालू की 12 बोरियां, जलजमाव के बीच ‘साजिश’ का शक, FIR दर्ज

वाराणसी के शिवाला समेत कई इलाकों में सीवर सफाई के दौरान बालू की 12 बोरियां, पत्थर और प्लास्टिक कचरा मिला। नगर निगम ने सीवर चोक करने की आशंका जताई है। जलकल विभाग की तहरीर पर भेलूपुर थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज हुई। पुलिस CCTV से जांच करेगी।
 
वाराणसी
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वाराणसी: शहर में बारिश के बाद जलजमाव और सीवर ओवरफ्लो की समस्या के बीच शिवाला क्षेत्र में सीवर लाइन के अंदर बालू से भरी 12 बोरियां मिलने से हड़कंप मच गया। नगर निगम और जलकल विभाग की टीमों ने सफाई के दौरान सीवर चैंबर के भीतर बालू की बोरियों के साथ पत्थर और प्लास्टिक का कचरा भी बरामद किया। विभाग का आरोप है कि किसी ने जानबूझकर सीवर लाइन को जाम करने के लिए यह सामग्री अंदर ठूंसी थी।

मामले में जलकल विभाग के अधिशासी अभियंता की तहरीर पर भेलूपुर थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है और सीसीटीवी फुटेज की मदद से संदिग्ध लोगों की पहचान करने की कोशिश की जाएगी।

शिवाला समेत कई इलाकों में सीवर चोक

शुक्रवार रात शिवाला, सरायनंदन, नगवा समेत करीब आधा दर्जन वार्डों के सीवर चैंबरों की सफाई के दौरान अंदर से बालू भरी बोरियां, पत्थर और प्लास्टिक का कचरा मिला। इसके चलते संबंधित इलाकों में सीवर लाइन जाम हो गई थी और कई गलियों में सीवर का पानी ओवरफ्लो होने लगा था।

जलकल विभाग की टीमों ने जब चैंबरों से कचरा और दूसरी सामग्री बाहर निकाली तो सीवर का प्रवाह धीरे-धीरे सामान्य होने लगा। इसके बाद विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस को इसकी जानकारी दी।

अग्रवाल रेडियो के पास मिलीं 12 बालू की बोरियां

नगर निगम और जलकल विभाग की टीमों ने मुख्य सीवर लाइनों की मशीन और मैन्युअल सफाई शुरू की थी। इसी दौरान शिवाला वार्ड में अग्रवाल रेडियो के पास सीवर लाइन के अंदर करीब 12 बालू से भरी बोरियां ठूंसी हुई मिलीं।

अधिकारियों के मुताबिक, बोरियों के साथ सीवर के अंदर अन्य मलबा भी मिला। इतनी बड़ी संख्या में बोरियों का सीवर लाइन के भीतर मिलना सामान्य स्थिति नहीं है। इसी आधार पर अधिकारियों ने आशंका जताई कि किसी ने जानबूझकर सीवर व्यवस्था को प्रभावित करने की कोशिश की।

बारिश के बाद कई इलाकों में बढ़ी थी समस्या

पिछले दिनों हुई बारिश के दौरान वाराणसी के कई इलाकों में अचानक गंभीर जलजमाव और सीवर ओवरफ्लो की स्थिति सामने आई थी। इसके बाद नगर निगम और जलकल विभाग ने सीवर चैंबरों की सफाई शुरू कराई।

सफाई के दौरान सिर्फ शिवाला में ही नहीं, बल्कि हड़हा, बेनिया और जालपा इलाके में भी सीवर चैंबरों के भीतर इसी तरह की सामग्री मिलने की बात सामने आई थी। इन स्थानों पर चैंबरों की सफाई के बाद जलजमाव की समस्या भी काफी कम हो गई थी।

महापौर और नगर आयुक्त ने मौके पर किया निरीक्षण

शनिवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी और नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने पार्षदों और अधिकारियों के साथ शिवाला वार्ड का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने उन्हें सीवर लाइन की सफाई और बरामद सामग्री के बारे में जानकारी दी।

महापौर ने कहा कि नगर निगम और जलकल विभाग की टीमें जलजमाव की समस्या के समाधान के लिए लगातार काम कर रही हैं। उन्होंने बताया कि शहर में जलभराव वाले दर्जनों प्वाइंट्स को पूरी तरह समाप्त किया जा चुका है।

महापौर के मुताबिक, शुक्रवार रात शिवाला क्षेत्र में सीवर लाइन की सफाई के दौरान 12 बालू भरी बोरियां निकाली गईं। उन्होंने कहा कि सीवर लाइन के अंदर इस तरह बोरियां मिलना गंभीर मामला है और यह साजिश की ओर इशारा करता है।

नगर आयुक्त बोले- साजिश का पर्दाफाश करने में जुटे

नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने भी सीवर लाइन में इतनी बड़ी संख्या में बालू की बोरियां मिलने को गंभीर बताया। उन्होंने इसके पीछे अवांछनीय तत्वों का हाथ होने की आशंका जताई है।

नगर निगम अब यह पता लगाने में जुटा है कि सीवर चैंबरों के अंदर ये बोरियां और अन्य मलबा कैसे पहुंचा। इसके लिए आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज की भी जांच की जाएगी। पुलिस और नगर निगम की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि इसके पीछे कौन लोग थे और उनका उद्देश्य क्या था।

अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR, धाराओं में दर्ज हुआ केस

जलकल विभाग के अधिशासी अभियंता की शिकायत पर भेलूपुर थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। दी गई जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 326(c) और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की है।

पुलिस अब सीवर लाइन में बोरियां डालने वाले लोगों की पहचान और पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि सीवर व्यवस्था को जानबूझकर बाधित किए जाने की पुष्टि जांच के बाद ही होगी।