वाराणसी के छह वार्ड बनेंगे ‘जीरो वेस्ट’ जोन, गीला-सूखा कचरा अलग करना होगा अनिवार्य
Varanasi : काशी को देश के सबसे स्वच्छ शहरों की सूची में शीर्ष पर पहुंचाने की दिशा में नगर निगम वाराणसी ने बड़ा कदम उठाया है। शहर के छह चयनित वार्डों को पूरी तरह ‘जीरो वेस्ट’ जोन के रूप में विकसित किया जाएगा। इन वार्डों में शत-प्रतिशत कूड़ा कलेक्शन, कचरे का स्रोत पर पृथकीकरण और प्रोसेसिंग प्लांट में पूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा।
नगर निगम की इस पहल के तहत इन वार्डों को ‘मॉडल वार्ड’ के रूप में विकसित किया जा रहा है, जहां आधुनिक तकनीक के जरिए सफाई व्यवस्था को पूरी तरह हाईटेक और पारदर्शी बनाया जाएगा।
गीला-सूखा कचरा अलग करना अनिवार्य
मॉडल वार्डों में अब घरों से निकलने वाला कचरा गीले और सूखे हिस्से में अलग-अलग करना अनिवार्य होगा। नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि सफाई मित्र केवल उसी स्थिति में कूड़ा उठाएंगे, जब वह निर्धारित तरीके से पृथक किया गया होगा। इसके लिए लोगों को जागरूक करने का काम दो विशेष संस्थाओं को सौंपा गया है, जो जन-जागरूकता और क्षमता संवर्धन पर काम कर रही हैं।
GIS मैपिंग और रियल टाइम मॉनिटरिंग
सफाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सभी बीटों की GIS मैपिंग कराई गई है। इससे सफाई कर्मचारियों की उपस्थिति और कार्यक्षेत्र की रियल टाइम निगरानी संभव हो सकेगी। डोर-टू-डोर कूड़ा उठान में लगे वाहनों की GPS ट्रैकिंग भी की जा रही है, ताकि कोई भी घर कूड़ा कलेक्शन से छूट न जाए।
इसके साथ ही शहर के 26 ऐसे स्थानों को चिह्नित कर हटाया गया है, जहां कूड़ा जमा होता था। इन स्थानों पर अब सौंदर्यीकरण का कार्य कराया गया है।
प्रोसेसिंग प्लांट में हो रहा शत-प्रतिशत निस्तारण
नगर निगम के अनुसार, शहर में प्रतिदिन 1215 टन कचरा प्रोसेसिंग की क्षमता विकसित की जा चुकी है। मॉडल वार्डों से निकलने वाला पूरा कचरा या तो स्थानीय स्तर पर या फिर प्रोसेसिंग प्लांट में तुरंत निस्तारित किया जाएगा, जिससे खुले में कूड़ा डंप होने की समस्या खत्म हो सकेगी।
नव विस्तारित वार्डों में भी डोर-टू-डोर कलेक्शन
नगर निगम ने नव विस्तारित 25 वार्डों के लिए भी सफाई व्यवस्था का खाका तैयार कर लिया है। इन वार्डों में दिसंबर 2025 से डोर-टू-डोर कूड़ा उठान के लिए निजी एजेंसियों को अनुबंधित किया गया है। इसके तहत मेसर्स लॉयन सिक्योरिटी गार्ड्स सर्विसेज को कूड़ा कलेक्शन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
नगर निगम का मानना है कि मॉडल वार्ड और जीरो वेस्ट जोन की यह पहल न सिर्फ शहर को स्वच्छ बनाएगी, बल्कि वाराणसी को राष्ट्रीय स्तर पर स्वच्छता के क्षेत्र में एक आदर्श शहर के रूप में स्थापित करने में भी मददगार साबित होगी।
