दूसरे की जगह बीएड प्रवेश परीक्षा दिलाने वाला रोशन राज पटना से गिरफ्तार, CDR से खुला कनेक्शन
वाराणसी: संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा-2026 में दूसरे अभ्यर्थी की जगह फर्जी तरीके से परीक्षा दिलाने के मामले में कपसेठी पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने पूर्वी चंपारण निवासी 32 वर्षीय रोशन राज को बिहार की राजधानी पटना से पकड़ा है। उसकी गिरफ्तारी 16 सितंबर को बहादुरपुर थाना क्षेत्र स्थित एक लाइब्रेरी से की गई।
पुलिस के मुताबिक, परीक्षा में फर्जीवाड़े की जांच के दौरान सामने आए आरोपियों के बीच कड़ियां जोड़ने के लिए CDR, लोकेशन और कॉल डिटेल खंगाली जा रही थी। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर रोशन राज की गतिविधियों और संपर्कों की जानकारी जुटाई गई, जिसके बाद उसकी तलाश शुरू की गई थी।
श्रेया की जगह तनिषा ने दी थी बीएड प्रवेश परीक्षा
मामला कपसेठी थाना क्षेत्र स्थित एक कॉलेज में संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा के दौरान सामने आया था। परीक्षा केंद्र पर कक्ष निरीक्षण और दस्तावेजों की जांच के दौरान एक अभ्यर्थी की पहचान को लेकर संदेह हुआ।
जांच में पता चला कि कानपुर की रहने वाली अभ्यर्थी श्रेया भारती के स्थान पर बिहार की तनिषा कुमारी परीक्षा देने पहुंची थी। पुलिस के अनुसार, इस मामले में कथित तौर पर कूटरचित प्रवेश पत्र, आधार कार्ड और संपादित फोटो का इस्तेमाल किया गया था।
संदिग्ध अभ्यर्थी को केंद्र व्यवस्थापक ने पुलिस के हवाले कर दिया। केंद्र व्यवस्थापक की तहरीर के आधार पर कपसेठी थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई और मामले की जांच शुरू हुई।
पहले तनिषा और श्रेया हो चुकी हैं गिरफ्तार
मामले की विवेचना के दौरान पुलिस ने पहले तनिषा कुमारी को 1 जून और श्रेया भारती को 12 जुलाई को गिरफ्तार किया था। दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया था।
इसके बाद पुलिस ने मामले में सामने आए अन्य संदिग्धों की भूमिका और उनके आपसी संपर्क की जांच शुरू की। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के जरिए आरोपियों की गतिविधियों और संपर्कों के बारे में जानकारी जुटाई।
CDR और लोकेशन के आधार पर रोशन राज तक पहुंची पुलिस
पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान रोशन राज का नाम सामने आया। इसके बाद उसकी तलाश के लिए तकनीकी निगरानी की गई। पुलिस को उसकी लोकेशन बिहार में मिली।
इसके बाद कपसेठी पुलिस की टीम ने 16 सितंबर को पटना के बहादुरपुर थाना क्षेत्र स्थित बाजार की डायरेक्शन लाइब्रेरी में दबिश दी। यहीं से पुलिस ने रोशन राज को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के मुताबिक, रोशन राज पूर्वी चंपारण जिले के कल्याणपुर थाना क्षेत्र के बड़ा बाजार का रहने वाला है और उसकी उम्र 32 वर्ष है।
पूछताछ में रोशन ने आरोप से किया इनकार
थाना प्रभारी विकास मौर्या ने बताया कि पूछताछ के दौरान रोशन राज ने परीक्षा में नकल कराने या फर्जी तरीके से किसी दूसरे व्यक्ति से परीक्षा दिलाने में अपनी संलिप्तता से इनकार किया है।
पुलिस के अनुसार, रोशन ने रुपये के लेनदेन के संबंध में कहा कि उसने संबंधित व्यक्ति को रिश्तेदार समझकर पैसे का लेनदेन किया था। हालांकि पुलिस उसके बयान की जांच कर रही है।
रुपये के लेनदेन और दूसरे आरोपियों से संपर्क की जांच
पुलिस अब रोशन राज की कथित भूमिका, रुपये के लेनदेन और परीक्षा में फर्जी अभ्यर्थी बैठाने वाले अन्य लोगों के साथ उसके संपर्क की जांच कर रही है।
पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और अब तक सामने आए तथ्यों को जोड़कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि परीक्षा में फर्जी अभ्यर्थी बैठाने की पूरी व्यवस्था में कौन-कौन लोग शामिल थे और रोशन राज की इसमें क्या भूमिका थी।
