13 राज्यों से 18 करोड़ की साइबर ठगी : 5 हजार के लालच में खुलवाते थे अकाउंट, फिर होता था करोड़ों का साइबर फ्रॉड! वाराणसी से 3 गिरफ्तार
वाराणसी साइबर सेल और शिवपुर पुलिस ने 13 राज्यों में फैले करीब 18 करोड़ रुपये की साइबर ठगी से जुड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जो कमीशन पर बैंक खाते खुलवाकर साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराते थे। पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है।
वाराणसी: वाराणसी साइबर सेल और शिवपुर पुलिस ने करीब 18 करोड़ रुपये की साइबर ठगी से जुड़े बड़े नेटवर्क का खुलासा किया है। पुलिस ने तीन युवकों को गिरफ्तार किया है, जो लोगों को पैसों का लालच देकर उनके नाम से बैंक खाते खुलवाते थे और बाद में इन्हें साइबर अपराधियों को बेच देते थे। शुरुआती जांच में सामने आया है कि इन खातों का इस्तेमाल देश के 13 से अधिक राज्यों में हुई साइबर ठगी की रकम को इधर-उधर ट्रांसफर करने के लिए किया गया।
तीन आरोपी गिरफ्तार, कई राज्यों में दर्ज हैं शिकायतें
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान युवराज श्रीवास्तव (22) निवासी कादीपुर, मयंक केशरी (21) निवासी लालजी कुआं, तरना (शिवपुर) और हर्ष जायसवाल (24) निवासी औसानगंज के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार, इनके खिलाफ जिन बैंक खातों का इस्तेमाल हुआ, उनसे जुड़े 24 साइबर शिकायतें देशभर में दर्ज हैं। इन मामलों में कुल ठगी की रकम 17.98 करोड़ रुपये बताई गई है। आरोपियों के खिलाफ शिवपुर थाने में दो अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए हैं। उनके पास से तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं।
5 हजार का लालच देकर खुलवाते थे बैंक खाते
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे लोगों को ₹5,000 देने का लालच देकर उनके नाम से अलग-अलग बैंकों में खाते खुलवाते थे। इसके बाद खाताधारकों से एटीएम कार्ड, पासबुक, चेकबुक और खाते से जुड़े मोबाइल नंबर अपने कब्जे में ले लेते थे।
पूरी बैंक किट को बाद में साइबर अपराधियों को ₹15,000 प्रति खाते के हिसाब से बेच दिया जाता था। इन खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी से आए करोड़ों रुपये को अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर छिपाने के लिए किया जाता था।
महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और गुजरात से सबसे ज्यादा रकम
जांच में पता चला है कि सबसे अधिक साइबर ठगी की रकम महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और गुजरात से जुड़े मामलों में आई। महाराष्ट्र की तीन शिकायतों में करीब 8.44 करोड़ रुपये, उत्तर प्रदेश की तीन शिकायतों में करीब 6.03 करोड़ रुपये, गुजरात की तीन शिकायतों में करीब 1.28 करोड़ रुपये की ठगी हुई है। इसके अलावा अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में लेन-देन की जानकारी मिली है। पुलिस अब पैसों के पूरे ट्रांजैक्शन नेटवर्क और स्रोत की जांच कर रही है।
13 राज्यों तक फैला था साइबर ठगी का नेटवर्क
पुलिस के अनुसार, आरोपियों से जुड़े बैंक खातों के खिलाफ हरियाणा, केरल, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र, ओडिशा, उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान, तमिलनाडु और उत्तराखंड समेत कई राज्यों में साइबर अपराध की शिकायतें दर्ज हैं। इन राज्यों के पीड़ितों और संबंधित एजेंसियों से संपर्क कर पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है।
पूरे गिरोह की तलाश में जुटी पुलिस
शिवपुर थाना प्रभारी अजीत वर्मा ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी केवल बैंक खाते उपलब्ध कराने का काम करते थे। इनके जरिए पूरे नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है। गिरोह के अन्य सदस्यों और साइबर अपराधियों की तलाश जारी है।
