Movie prime

काशी दर्शन के लिए आए थे, होटल कैंसिलेशन के नाम पर लुट गए 5.13 लाख, ऐसे हुआ साइबर फ्रॉड

वाराणसी में श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर दर्शन के लिए आए रांची के व्यक्ति से होटल बुकिंग कैंसिल कराने के नाम पर 5.13 लाख रुपये की साइबर ठगी हो गई। गूगल पर कस्टमर केयर नंबर खोजने के बाद कथित प्रतिनिधि ने APK फाइल भेजी। डाउनलोड करते ही बैंक खाते से रकम निकल गई।
 
APK डाउनलोड साइबर फ्रॉड
WhatsApp Channel Join Now
Instagram Profile Join Now

वाराणसी: श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए पत्नी के साथ वाराणसी आए रांची के एक व्यक्ति से होटल बुकिंग कैंसिल कराने के नाम पर 5.13 लाख रुपये की साइबर ठगी हो गई। पीड़ित ने होटल की बुकिंग रद्द कराने के लिए गूगल पर कस्टमर केयर नंबर खोजा था। इसके बाद कथित कस्टमर केयर प्रतिनिधि ने वाट्सऐप के जरिए एपीके फाइल भेजी। फाइल डाउनलोड करते ही उनके बैंक खाते से कई बार में लाखों रुपये निकल गए। मामले में पीड़ित की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

पत्नी के साथ काशी दर्शन के लिए आए थे रांची के रवींद्र

रांची के बरियातू स्थित बक्सी एवेन्यू निवासी रवींद्र प्रसाद सिंह रविवार को पत्नी के साथ श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए वाराणसी पहुंचे थे। उन्होंने शहर के अमाया होटल में दो दिनों के लिए कमरा बुक कराया था। बुकिंग 23 और 24 अगस्त के लिए थी।

बुकिंग कैंसिल कराने के लिए रवींद्र ने होटल के रिसेप्शन पर मौजूद कर्मचारियों से मदद मांगी। होटल कर्मचारियों ने उन्हें बताया कि कमरा अगोडा के माध्यम से बुक किया गया है, इसलिए कैंसिलेशन की प्रक्रिया भी उसी प्लेटफॉर्म के जरिए होगी।

गूगल पर कस्टमर केयर नंबर खोजना पड़ा भारी

होटल कर्मचारियों की मदद से रवींद्र ने गूगल पर अगोडा का कस्टमर केयर नंबर खोजा। सर्च के दौरान मिले एक मोबाइल नंबर पर उन्होंने संपर्क किया। फोन उठाने वाले व्यक्ति ने खुद को कस्टमर केयर प्रतिनिधि बताया।

कथित प्रतिनिधि ने बुकिंग कैंसिल कराने की प्रक्रिया के नाम पर रवींद्र के वाट्सऐप नंबर पर एक APK फाइल का लिंक भेजा। उनसे इस फाइल को डाउनलोड करने के लिए कहा गया।

APK फाइल डाउनलोड करते ही खाते से निकलने लगे पैसे

रवींद्र ने लिंक पर क्लिक कर एपीके फाइल डाउनलोड कर ली। इसके बाद उनके बैंक ऑफ इंडिया के खाते से कई बार में कुल 5 लाख 13 हजार 23 रुपये निकाल लिए गए। खाते से इतनी बड़ी रकम निकलने के बाद रवींद्र को ठगी का पता चला। उन्होंने घटना की शिकायत नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर की। मामले में रांची के बरियातू थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है।

पुलिस अब ठगी में इस्तेमाल मोबाइल नंबर, बैंक खातों और लेनदेन से जुड़े अन्य विवरणों की जांच कर रही है।

होटल बुकिंग के नाम पर ऐसे साइबर ठग बना रहे निशाना

इस घटना में खास बात यह है कि ठगी की शुरुआत किसी अनजान लिंक से नहीं, बल्कि होटल बुकिंग कैंसिल कराने के लिए कस्टमर केयर नंबर खोजने से हुई। साइबर ठगों ने सर्च के दौरान उपलब्ध नंबर के जरिए पीड़ित से संपर्क किया और बुकिंग कैंसिल कराने के बहाने APK फाइल डाउनलोड करा दी।

ऐसे मामलों में किसी भी होटल, ट्रैवल वेबसाइट या ऑनलाइन बुकिंग प्लेटफॉर्म का कस्टमर केयर नंबर केवल उसकी आधिकारिक वेबसाइट या आधिकारिक ऐप से ही लेना सुरक्षित माना जाता है। किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर APK फाइल डाउनलोड करना भी जोखिम भरा हो सकता है।