NEET 2026: एक सवाल ड्रॉप, सभी अभ्यर्थियों को 4 बोनस अंक; आपत्ति दर्ज करने की अंतिम तिथि 28 जून
NEET UG 2026 री-एग्जाम की प्रोविजनल आंसर-की जारी कर दी गई है, जिसके बाद लाखों उम्मीदवारों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। 21 जून को आयोजित री-एग्जाम में एक प्रश्न को ‘ड्रॉप’ (हटाया) गया है, जिसके चलते सभी लगभग 20 लाख अभ्यर्थियों को उस प्रश्न के पूरे 4 बोनस अंक दिए जाएंगे, चाहे उन्होंने उस सवाल को हल किया हो या नहीं।
प्रोविजनल आंसर-की के अनुसार फिजिक्स सेक्शन के एक प्रश्न को पूरी तरह हटाया गया है। वहीं इसी विषय के एक अन्य प्रश्न में दो उत्तर सही पाए गए हैं। ऐसे में जिन उम्मीदवारों ने उन दोनों में से किसी भी सही विकल्प को चुना होगा, उन्हें भी 4 अंक का लाभ मिलेगा।
28 जून तक आंसर-की पर आपत्ति दर्ज करने का मौका
राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) ने उम्मीदवारों को 28 जून तक प्रोविजनल आंसर-की पर आपत्ति दर्ज करने की सुविधा दी है। प्रत्येक प्रश्न को चुनौती देने के लिए 200 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। यदि किसी चुनौती को सही पाया जाता है या कोई प्रश्न ड्रॉप किया जाता है तो यह शुल्क वापस कर दिया जाएगा।
क्यों हटाए जाते हैं प्रश्न?
विशेषज्ञों के अनुसार, प्रश्नों को ड्रॉप तब किया जाता है जब उनमें ऐसी त्रुटि पाई जाती है जिसे सुधारा नहीं जा सकता, जैसे टाइपिंग एरर, गलत डेटा या अनुवाद की गलती। ऐसे मामलों में उस प्रश्न को परीक्षा से हटा दिया जाता है और सभी उम्मीदवारों को उसके पूरे अंक दे दिए जाते हैं।
अन्य विषयों में भी आपत्तियों की संभावना
जानकारों का कहना है कि फिजिक्स के अलावा केमिस्ट्री और बायोलॉजी में भी कुछ प्रश्नों पर आपत्ति दर्ज की जा सकती है। जूलॉजी सेक्शन को लेकर भी छात्रों ने सवाल उठाए हैं, जिससे आगे और प्रश्नों के ड्रॉप होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
फाइनल आंसर-की के बाद साफ होगी स्थिति
अधिकारियों के मुताबिक, अंतिम स्थिति फाइनल आंसर-की जारी होने के बाद ही स्पष्ट होगी कि कितने प्रश्न हटाए गए हैं और कितने अंकों का वास्तविक प्रभाव सभी उम्मीदवारों के स्कोर पर पड़ेगा।
