पेशाब का रंग बताता है आपकी सेहत का हाल, जानिए कौन सा रंग देता है किस बीमारी का संकेत
Apr 14, 2026, 19:05 IST
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आज के बदलते लाइफस्टाइल और खानपान के कारण शरीर में कई बीमारियां चुपचाप पनपने लगती हैं। अक्सर हमें इनका पता तब चलता है जब हम डॉक्टर के पास किसी और समस्या के लिए जाते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपका पेशाब (यूरिन) भी आपको पहले ही कई बीमारियों के संकेत दे सकता है? इस आर्टिकल के जरिए हम आपको बताएंगे कि कौन सी यूरिन का कौन सा रंग किस बीमारी का संकेत देता है।
कैसा होना चाहिए सामान्य पेशाब?
एक स्वस्थ व्यक्ति दिनभर में लगभग 7-8 बार पेशाब करता है। सामान्य रूप से यूरिन का रंग पानी जैसा साफ या हल्का पीला होता है, जो शरीर में बनने वाले यूरोक्रोम के कारण होता है।
पेशाब के रंग से जानें बीमारी
हल्का पीला
यह संकेत देता है कि शरीर में पानी थोड़ा कम है। कभी-कभी यह किडनी या डायबिटीज की ओर भी इशारा कर सकता है।
गाढ़ा पीला
यह साफ संकेत है कि आप डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) से जूझ रहे हैं।
ज्यादा पानी, नींबू पानी और नारियल पानी लें।
धुंधला या बादल जैसा
यह ब्लैडर इंफेक्शन या अन्य संक्रमण का संकेत हो सकता है।
तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।
लाल रंग
अगर आपने चुकंदर या कुछ दवाएं नहीं ली हैं, फिर भी पेशाब लाल है, तो यह खून आने (ब्लड) का संकेत हो सकता है।
यह किडनी रोग, इंफेक्शन या कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है।
नारंगी रंग
यह डिहाइड्रेशन या पीलिया (जॉन्डिस) का संकेत हो सकता है।
साथ में उल्टी, पेट दर्द या चक्कर भी हो सकते हैं।
ग्रीन या ब्राउन
यह दवाओं या फूड कलर के कारण हो सकता है, लेकिन अगर ऐसा नहीं है तो सावधान हो जाएं।
भूरा रंग
यह लिवर या पित्ताशय (गॉलब्लैडर) की समस्या या पित्त नली में रुकावट का संकेत हो सकता है।
जरूरी सलाह
अगर पेशाब का रंग बार-बार बदल रहा है, जलन, दर्द या कम मात्रा में पेशाब आ रहा है या रंग असामान्य लग रहा है तो इसे नजरअंदाज न करें और तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
पेशाब का रंग आपकी सेहत का आईना है। छोटे-छोटे संकेतों को समझकर आप बड़ी बीमारियों से बच सकते हैं। इसलिए समय-समय पर अपने शरीर के इन संकेतों पर ध्यान देना बेहद जरूरी है।
कैसा होना चाहिए सामान्य पेशाब?
एक स्वस्थ व्यक्ति दिनभर में लगभग 7-8 बार पेशाब करता है। सामान्य रूप से यूरिन का रंग पानी जैसा साफ या हल्का पीला होता है, जो शरीर में बनने वाले यूरोक्रोम के कारण होता है।
पेशाब के रंग से जानें बीमारी
हल्का पीला
यह संकेत देता है कि शरीर में पानी थोड़ा कम है। कभी-कभी यह किडनी या डायबिटीज की ओर भी इशारा कर सकता है।
गाढ़ा पीला
यह साफ संकेत है कि आप डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) से जूझ रहे हैं।
ज्यादा पानी, नींबू पानी और नारियल पानी लें।
धुंधला या बादल जैसा
यह ब्लैडर इंफेक्शन या अन्य संक्रमण का संकेत हो सकता है।
तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।
लाल रंग
अगर आपने चुकंदर या कुछ दवाएं नहीं ली हैं, फिर भी पेशाब लाल है, तो यह खून आने (ब्लड) का संकेत हो सकता है।
यह किडनी रोग, इंफेक्शन या कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है।
नारंगी रंग
यह डिहाइड्रेशन या पीलिया (जॉन्डिस) का संकेत हो सकता है।
साथ में उल्टी, पेट दर्द या चक्कर भी हो सकते हैं।
ग्रीन या ब्राउन
यह दवाओं या फूड कलर के कारण हो सकता है, लेकिन अगर ऐसा नहीं है तो सावधान हो जाएं।
भूरा रंग
यह लिवर या पित्ताशय (गॉलब्लैडर) की समस्या या पित्त नली में रुकावट का संकेत हो सकता है।
जरूरी सलाह
अगर पेशाब का रंग बार-बार बदल रहा है, जलन, दर्द या कम मात्रा में पेशाब आ रहा है या रंग असामान्य लग रहा है तो इसे नजरअंदाज न करें और तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
पेशाब का रंग आपकी सेहत का आईना है। छोटे-छोटे संकेतों को समझकर आप बड़ी बीमारियों से बच सकते हैं। इसलिए समय-समय पर अपने शरीर के इन संकेतों पर ध्यान देना बेहद जरूरी है।
