लोकसभा में अब देरी से पहुंचना पड़ेगा महंगा: लागू होंगे नए नियम, डिजिटल हाजिरी और सैलरी भी कटेगी
नई दिल्ली I लोकसभा में सांसदों की हाजिरी को लेकर बड़ा बदलाव होने जा रहा है। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने घोषणा की है कि आगामी बजट सत्र से सांसदों की उपस्थिति अब सदन के अंदर अपनी निर्धारित सीट पर बैठकर ही डिजिटल तरीके से दर्ज की जाएगी। पुरानी व्यवस्था में सदन के बाहर रजिस्टर में हाजिरी लगाने की छूट थी, लेकिन अब यह समाप्त हो रही है।
नए नियमों के अनुसार, यदि कोई सांसद देरी से सदन पहुंचता है और उससे पहले किसी कारण (जैसे हंगामा आदि) से सदन की कार्यवाही स्थगित हो जाती है, तो उसे उस दिन गैर-हाजिर माना जाएगा। नतीजतन, उनकी एक दिन की तनख्वाह काट ली जाएगी। ओम बिरला ने कहा कि कई सांसद रजिस्टर में हाजिरी लगाकर बाहर चले जाते थे या कार्यवाही खत्म होने के बाद पहुंचते थे, अब उन्हें इसकी सजा भुगतनी पड़ेगी। यह कदम संसद में सक्रिय भागीदारी और जवाबदेही बढ़ाने के लिए उठाया गया है।
संसद अब पूरी तरह डिजिटल हो रही है। लोकसभा अध्यक्ष ने बताया कि सदन में लगे मल्टीमीडिया डिवाइस पर सांसद अपनी स्मार्ट आईडी कार्ड टैप करके, थंब इंप्रेशन देकर या पिन डालकर हाजिरी दर्ज कर सकेंगे।
इसके अलावा, संसद की कार्यवाही में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग भी तेजी से बढ़ रहा है। ओम बिरला ने कहा कि भाषणों के अनुवाद के लिए AI की टेस्टिंग जारी है। वर्तमान में अनुवाद की सटीकता जांच के बाद अपलोड किया जाता है, लेकिन मॉनसून सत्र तक इसे पूरी तरह AI-आधारित कर दिया जाएगा। इससे वेबसाइट पर अनुवाद अपलोड होने में लगने वाला समय 4 घंटे से घटकर मात्र आधा घंटा रह जाएगा।
यह बदलाव संसद को अधिक पारदर्शी, समावेशी और तकनीक-आधारित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। लोकसभा अध्यक्ष ने उम्मीद जताई कि इससे सांसदों की समय पर उपस्थिति और सक्रिय भागीदारी में सुधार होगा।
