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Flydubai के भारतीय पायलट स्मित मच्छार को मिलेगा 1 करोड़ का सम्मान, FIP ने PM मोदी से की वीरता पुरस्कार की मांग

Flydubai के भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार को मैनकाइंड फार्मा ने ₹1 करोड़ देने का ऐलान किया है। 30 सितंबर को FZ1073 में कॉकपिट हमले के बाद मच्छार घायल हुए, लेकिन विमान को सुरक्षित उतारने में उनकी भूमिका रही। फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स ने भी उनके लिए राष्ट्रीय वीरता सम्मान की मांग की है।

 
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नई दिल्ली। Flydubai के भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार को कॉकपिट में हुए हमले के दौरान दिखाई गई हिम्मत और यात्रियों की सुरक्षा में निभाई भूमिका के लिए मैनकाइंड फार्मा ने 1 करोड़ रुपये की सम्मान राशि देने का ऐलान किया है। कंपनी ने कहा कि यह राशि कैप्टन मच्छार और उनके परिवार को आभार के तौर पर दी जाएगी।

30 सितंबर को Flydubai की फ्लाइट FZ1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी। इसी दौरान कॉकपिट में कैप्टन मच्छार पर उनके सह-पायलट ने कथित तौर पर हमला किया। मच्छार गंभीर रूप से घायल हुए, लेकिन उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाबी हासिल की, जिसके बाद यात्रियों और चालक दल के सदस्यों ने हमलावर को काबू किया। विमान को बाद में सऊदी अरब के ताबुक में सुरक्षित उतारा गया।

मैनकाइंड फार्मा ने क्यों दिया 1 करोड़ का सम्मान?

मैनकाइंड फार्मा ने 2 अक्टूबर को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कैप्टन स्मित मच्छार के लिए 1 करोड़ रुपये की सहायता राशि की घोषणा की। कंपनी के वाइस चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर राजीव जुनेजा ने कहा कि संकट की स्थिति में मच्छार ने अपने क्रू और यात्रियों को खुद से पहले रखा।
 कंपनी ने इसे उनके साहस, संयम और जिम्मेदारी के प्रति सम्मान बताया है।

फ्लाइट में क्या हुआ था?

Flydubai की FZ1073 फ्लाइट 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव के लिए रवाना हुई थी। विमान में 174 लोग सवार थे। उड़ान के दौरान कॉकपिट में हुई हिंसक घटना के बाद विमान की ऊंचाई तेजी से कम हुई और आपात स्थिति का संकेत दिया गया।

रिपोर्टों के मुताबिक, कैप्टन मच्छार पर चाकू से हमला किया गया। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद वह कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे। इसके बाद यात्रियों और चालक दल के सदस्यों ने हमलावर को काबू किया। विमान को सऊदी अरब के ताबुक की ओर डायवर्ट किया गया, जहां उसकी सुरक्षित लैंडिंग हुई।

घटना के बाद मच्छार का इलाज कराया गया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बातचीत में भी घटना के बारे में बताया। Reuters के मुताबिक, उन्होंने कहा कि वह अपनी जिंदगी के लिए लड़ रहे थे, लेकिन दूसरे लोगों को मरने नहीं देना चाहते थे।

सह-पायलट की पहचान और हमले की वजह की जांच

रिपोर्टों में सह-पायलट की पहचान ओमान के नागरिक हमाम अल-हमामी के तौर पर की गई है। हालांकि, हमले के पीछे उसकी वास्तविक मंशा क्या थी, इसकी जांच जारी है। इसलिए घटना को लेकर सामने आ रहे अलग-अलग दावों को जांच पूरी होने तक सावधानी से देखना जरूरी है।

FIP ने पीएम मोदी से मांगा राष्ट्रीय सम्मान

कैप्टन मच्छार को सम्मानित किए जाने की मांग सिर्फ मैनकाइंड फार्मा तक सीमित नहीं है। Federation of Indian Pilots (FIP) ने प्रधानमंत्री कार्यालय से उनके लिए उपयुक्त राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार या नागरिक सम्मान पर विचार करने का अनुरोध किया है।

FIP ने कहा कि जिस परिस्थिति में कैप्टन मच्छार ने अपनी जिम्मेदारी निभाई, वह विशेष सम्मान के योग्य है। संगठन के मुताबिक, ऐसा सम्मान विमानन क्षेत्र में साहस, पेशेवर जिम्मेदारी और मानव जीवन की सुरक्षा के महत्व को भी रेखांकित करेगा।

174 यात्रियों की सुरक्षित लैंडिंग

घटना के बाद विमान को ताबुक में सुरक्षित उतारा गया और यात्रियों को विमान से बाहर निकाला गया। कैप्टन मच्छार के अलावा अन्य लोगों ने भी आपात स्थिति से निपटने में भूमिका निभाई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू समेत कई लोगों ने मच्छार के साहस की सार्वजनिक रूप से सराहना की है।