देश में भीषण गर्मी का असर: कई राज्यों में स्कूलों की छुट्टियों का ऐलान, यूपी में 20 मई से बंद होंगे स्कूल
New Delhi : देशभर में पड़ रही भीषण गर्मी और लू ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। खासकर स्कूली बच्चों के लिए दोपहर में स्कूल जाना मुश्किल होता जा रहा है। बढ़ते तापमान को देखते हुए कई राज्य सरकारों ने गर्मियों की छुट्टियों का ऐलान कर दिया है, जबकि कुछ राज्यों में स्कूलों के समय में बदलाव किया जा रहा है।
यूपी में 20 मई से शुरू होंगी गर्मी की छुट्टियां
उत्तर प्रदेश के शैक्षणिक कैलेंडर के मुताबिक 20 मई 2026 से स्कूलों में गर्मियों की छुट्टियां शुरू होंगी, जो 15 जून तक चलेंगी। 16 जून से स्कूल दोबारा खुलेंगे। हालांकि मौसम की स्थिति को देखते हुए छुट्टियां पहले भी घोषित की जा सकती हैं।
लखनऊ में पिछले कुछ दिनों से तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। तेज धूप और लू के चलते कई स्कूलों ने समय में बदलाव कर सुबह की शिफ्ट लागू कर दी है। बच्चों को राहत देने के लिए जल्दी छुट्टी दी जा रही है। वहीं अभिभावक भी बच्चों की सेहत को लेकर चिंतित नजर आ रहे हैं।
दिल्ली में लंबा अवकाश
दिल्ली में स्कूलों की गर्मियों की छुट्टियां 11 मई से शुरू होकर 30 जून तक चलेंगी। इस दौरान छात्रों को लंबा ब्रेक मिलेगा, जबकि शिक्षकों को जून के अंत में प्रशासनिक कार्यों के लिए बुलाया जा सकता है।
राजस्थान में घटाई गई छुट्टियों की अवधि
राजस्थान में 17 मई से 20 जून तक छुट्टियां घोषित की गई हैं। इस बार शिक्षा विभाग ने पढ़ाई का शेड्यूल बनाए रखने के लिए छुट्टियों की अवधि कम रखी है।
बिहार और हरियाणा का कार्यक्रम
बिहार में 1 जून से 20 जून तक स्कूल बंद रहेंगे, जबकि हरियाणा में 1 जून से 30 जून तक एक महीने की छुट्टियां रहेंगी।
मध्य प्रदेश में सबसे पहले छुट्टियां
मध्य प्रदेश में 1 मई से ही स्कूल बंद कर दिए जाएंगे, जो 15 जून तक जारी रहेंगे।
उत्तराखंड में अलग-अलग शेड्यूल
उत्तराखंड में मैदानी और पहाड़ी क्षेत्रों के अनुसार छुट्टियों का समय अलग-अलग तय किया जाता है। आमतौर पर मई के मध्य से जून के अंत तक स्कूल बंद रहते हैं।
स्थिति के अनुसार बदल सकती हैं तारीखें
हालांकि राज्यों ने अपना शैक्षणिक कैलेंडर जारी कर दिया है, लेकिन भीषण गर्मी को देखते हुए छुट्टियों की तारीखों में बदलाव संभव है। प्रशासन ने छात्रों और अभिभावकों को आधिकारिक सूचनाओं पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है।
