ऑपरेशन सिंदूर के एक साल पूरे: पहली वर्षगांठ पर IAF ने जारी किया दमदार वीडियो, बोला- ‘भारत न भूलता है, न माफ करता है’
आज से ठीक एक साल पहले भारत ने सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ अपनी सबसे बड़ी सैन्य कार्रवाई में से एक ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को अंजाम दिया था। इस ऑपरेशन के जरिए भारतीय सेना ने पहलगाम आतंकी हमले और लगातार हो रहे सीमा पार आतंकवाद का करारा जवाब दिया था। अब इस ऐतिहासिक अभियान की पहली वर्षगांठ पर भारतीय वायुसेना ने एक वीडियो जारी कर दुनिया को साफ संदेश दिया है कि भारत अपनी सुरक्षा और संप्रभुता से किसी भी तरह का समझौता नहीं करता।
भारतीय वायुसेना ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर ऑपरेशन सिंदूर से जुड़े वीडियो को साझा किया। वीडियो में उन आतंकी ठिकानों की तबाही और मलबे के दृश्य दिखाए गए हैं, जिन्हें भारतीय सेना ने निशाना बनाया था। पोस्ट के साथ वायुसेना ने लिखा, “ऑपरेशन सिंदूर में न्याय हुआ। ऑपरेशन अभी भी जारी है। भारत कुछ भी नहीं भूलता और न ही माफ करता है।”
ऑपरेशन सिंदूर केवल एक सीमित सैन्य कार्रवाई नहीं थी, बल्कि यह जल, थल और नभ तीनों सेनाओं का समन्वित मिशन था। इस अभियान के तहत भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में मौजूद 9 बड़े आतंकी ठिकानों को एक साथ निशाना बनाया था। पाकिस्तान के बहावलपुर और मुरीदके में स्थित आतंकी अड्डों पर सटीक मिसाइल हमले किए गए, जबकि PoK के मुजफ्फराबाद और कोटली क्षेत्रों में बने आतंकी कमांड सेंटरों को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया।
बताया गया था कि ये सभी ठिकाने Jaish-e-Mohammed और Lashkar-e-Taiba जैसे आतंकी संगठनों के प्रमुख अड्डे थे। इन्हीं संगठनों पर Pulwama attack और 2008 Mumbai attacks जैसे बड़े आतंकी हमलों की साजिश रचने का आरोप है।
दरअसल, ऑपरेशन सिंदूर की शुरुआत कश्मीर के Pahalgam में हुए आतंकी हमले के बाद हुई थी। उस समय केंद्र सरकार ने साफ किया था कि भारत आतंकवाद को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगा और आतंकी ढांचे को जड़ से खत्म करने के लिए यह कार्रवाई जरूरी थी।
एक साल बाद भी इस ऑपरेशन की गूंज पड़ोसी देश में सुनाई देती है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहली बार था जब भारत ने इतनी गहराई तक जाकर आतंकियों के सुरक्षित ठिकानों को निशाना बनाया और यह स्पष्ट कर दिया कि देश की सुरक्षा के खिलाफ किसी भी साजिश का जवाब अब उसी भाषा में दिया जाएगा।
