PM मोदी को उज्बेकिस्तान का सर्वोच्च सम्मान, यूरेनियम सप्लाई पर हुआ बड़ा समझौता
ताशकंद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दो दिवसीय उज्बेकिस्तान यात्रा कई अहम समझौतों और उपलब्धियों के साथ रविवार को संपन्न हुई। यात्रा के दौरान भारत और उज्बेकिस्तान के बीच यूरेनियम की दीर्घकालिक आपूर्ति को लेकर सहमति बनी। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दोनों देश यूरेनियम सप्लाई के लिए एक रणनीति और व्यवस्था तैयार करेंगे। माना जा रहा है कि इससे भारत की दीर्घकालिक परमाणु ऊर्जा जरूरतों को मजबूती मिलेगी।
यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी को उज्बेकिस्तान के सर्वोच्च राज्य सम्मान ‘ऑली दाराजली डस्टलिक’ से सम्मानित किया गया। उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव ने रविवार को पीएम मोदी को यह सम्मान प्रदान किया। यह प्रधानमंत्री मोदी को मिला 36वां अंतरराष्ट्रीय सम्मान है।
सिस्टर-सिटी और सिस्टर-स्टेट समझौतों पर भी जोर
भारत और उज्बेकिस्तान के बीच ‘सिस्टर-सिटी’ और ‘सिस्टर-स्टेट’ से जुड़े तीन समझौतों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने जोर दिया कि इन समझौतों को केवल औपचारिकता तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि इनके लिए स्पष्ट और ठोस रोडमैप तैयार किया जाना चाहिए, ताकि इनका लाभ जमीन पर दिखाई दे।
दोनों देशों के बीच शहरी विकास को लेकर भी चर्चा हुई। उज्बेकिस्तान ‘नया ताशकंद’ नाम से एक नया शहर विकसित कर रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने इस परियोजना के संदर्भ में गुजरात की गिफ्ट सिटी को एक मॉडल के रूप में पेश किया।
पीएम मोदी ने उज्बेकिस्तान के प्रतिनिधिमंडल को भारत आने का निमंत्रण भी दिया, ताकि वे गिफ्ट सिटी के नियोजन, तकनीक और क्रियान्वयन को करीब से समझ सकें।
पहली बार 1 अरब डॉलर के पार पहुंचा व्यापार
उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव ने भारत को ‘विश्वसनीय रणनीतिक साझेदार’ बताया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार पिछले वर्ष पहली बार 1 अरब डॉलर के आंकड़े को पार कर गया। वहीं, पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के बीच संयुक्त उद्यमों की संख्या में करीब सात गुना वृद्धि हुई है।
भारत-उज्बेकिस्तान के बीच हर सप्ताह 14 सीधी उड़ानें
दोनों देशों के बीच कनेक्टिविटी को भी मजबूत किया गया है। राष्ट्रपति मिर्जियोयेव के मुताबिक, भारत और उज्बेकिस्तान के बीच वर्तमान में हर सप्ताह 14 सीधी उड़ानें संचालित हो रही हैं। इससे दोनों देशों के बीच पर्यटन, कारोबार और लोगों के बीच संपर्क को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “हम यूरेनियम की आपूर्ति के लिए भी एक रणनीति के साथ आगे बढ़ेंगे और एक व्यवस्था बनाएंगे।”
