असम में कांग्रेस पर जमकर बरसे पीएम मोदी, बोले- राजनीतिक फायदे के लिए विदेशी घुसपैठियों को संरक्षण...
गुवाहाटी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को असम की राजधानी गुवाहाटी में आयोजित कार्यक्रम में कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने कभी भी असम को दिल से स्वीकार नहीं किया और राजनीतिक फायदे के लिए विदेशी घुसपैठियों को संरक्षण देती रही। पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस को घुसपैठिए इसलिए पसंद थे क्योंकि वे उनके “कट्टर वोट बैंक” बन जाते थे।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान बड़ी संख्या में विदेशी घुसपैठिए असम आते रहे, जिन्होंने लाखों बीघा जमीन पर कब्जा किया और तत्कालीन सरकारें उन्हें संरक्षण देती रहीं। उन्होंने कहा कि आज का असम उस दौर से पूरी तरह बदल चुका है।
“हिंसा से संस्कृति की ओर बढ़ा असम”
पीएम मोदी ने भावुक होते हुए कहा कि असम का वर्तमान स्वरूप उन्हें गर्व से भर देता है। उन्होंने कहा,
“एक समय था जब असम में आए दिन रक्तपात और गोलियों की गूंज सुनाई देती थी। आज वहीं संस्कृति के रंग बिखर रहे हैं। जहां कभी कर्फ्यू का सन्नाटा होता था, वहां अब खाम और सिफुंग जैसे वाद्ययंत्रों की मधुर ध्वनि गूंज रही है।”
उन्होंने कहा कि पहले जहां अशांति और अस्थिरता का माहौल था, वहां आज बागुरुम्बा जैसे पारंपरिक नृत्यों की प्रस्तुतियां हो रही हैं। यह बदलाव केवल असम की नहीं, बल्कि पूरे देश की उपलब्धि है, जिस पर हर भारतीय को गर्व होना चाहिए।
बोडो शांति समझौते को बताया मील का पत्थर
प्रधानमंत्री मोदी ने 2020 के बोडो शांति समझौते को ऐतिहासिक करार देते हुए कहा कि इस समझौते ने दशकों पुराने संघर्ष को समाप्त किया। इसके बाद हजारों युवाओं ने हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा को अपनाया।
उन्होंने कहा कि आज बोडो समाज के युवा असम की संस्कृति के दूत बन रहे हैं और खेल समेत विभिन्न क्षेत्रों में देश का नाम रोशन कर रहे हैं।
कांग्रेस पर फिर साधा निशाना
पीएम मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि जब असम की कला, संस्कृति और पहचान को सम्मान मिलता है, तो कांग्रेस को तकलीफ होती है। उन्होंने सवाल किया कि भूपेन हजारिका को भारत रत्न दिए जाने का विरोध किसने किया था कांग्रेस ने। इसी तरह असम में सेमीकंडक्टर यूनिट का विरोध भी कांग्रेस शासित कर्नाटक सरकार के एक मंत्री ने किया था।
“असम की प्रगति से भारत को मिल रही नई ताकत”
प्रधानमंत्री ने कहा कि असम का आत्मविश्वास और सामर्थ्य भारत की विकास गाथा को नई ऊर्जा दे रहा है। आज असम तेजी से आगे बढ़ने वाले राज्यों में शामिल हो चुका है और उसकी अर्थव्यवस्था मजबूत हो रही है। उन्होंने कहा कि इस विकास यात्रा में बोडोलैंड और वहां के लोगों की भूमिका बेहद अहम है।
