बिहार में फिर सियासी हलचल, सीएम पद छोड़ने से पहले Nitish Kumar की 4 शर्तों से बढ़ा तनाव
Bihar की राजनीति में एक बार फिर उथल-पुथल देखने को मिल रही है। राज्य के मुख्यमंत्री Nitish Kumar के हालिया फैसलों ने सियासी माहौल को गरमा दिया है। कुछ समय से शांत चल रही राजनीतिक गतिविधियां अब फिर तेज हो गई हैं और नए मुख्यमंत्री को लेकर सस्पेंस बना हुआ है।
बताया जा रहा है कि Janata Dal (United) (जेडीयू) के भीतर भी असंतोष देखने को मिला, जब नीतीश कुमार ने बिना शर्त राज्यसभा जाने की इच्छा जताई थी। इस फैसले से पार्टी के कई नेता हैरान रह गए थे, क्योंकि इसके पीछे कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया था।
अब ताजा घटनाक्रम में, 30 मार्च को नीतीश कुमार द्वारा बिहार विधान परिषद से इस्तीफा देने की चर्चा है। हालांकि, मुख्यमंत्री पद छोड़ने को लेकर अभी भी स्थिति साफ नहीं है। सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने Bharatiya Janata Party (बीजेपी) के सामने चार अहम शर्तें रखी हैं।
इन शर्तों में शामिल हैं:
- नए मुख्यमंत्री के नाम की पहले घोषणा हो
- गृह मंत्रालय किसके पास रहेगा, यह तय हो
- विधानसभा अध्यक्ष किस पार्टी का होगा, यह स्पष्ट हो
- विभिन्न विभागों का बंटवारा पहले से तय किया जाए
इन सभी मुद्दों पर सहमति बनने के बाद ही नीतीश कुमार मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देंगे।
बीजेपी के लिए क्यों मुश्किल?
पिछले विधानसभा चुनाव में बीजेपी गठबंधन ने नीतीश कुमार के चेहरे पर चुनाव लड़ा था और भारी बहुमत हासिल किया था। ऐसे में अगर अब नया मुख्यमंत्री चेहरा सामने आता है, तो उस पर नीतीश की सहमति जरूरी हो जाती है। माना जा रहा है कि अगर नया चेहरा उन्हें स्वीकार्य नहीं हुआ, तो वे इस्तीफा देने से पीछे हट सकते हैं।
इस पूरे घटनाक्रम ने बिहार की राजनीति को फिर से रोमांचक मोड़ पर ला खड़ा किया है, जहां आने वाले दिनों में बड़े फैसले देखने को मिल सकते हैं।
