UPSC Result 2026: राजस्थान के अनुज अग्निहोत्री बने ऑल इंडिया टॉपर, MBBS छोड़कर हासिल की AIR-1
UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2026 में राजस्थान के रावतभाटा के अनुज अग्निहोत्री ने ऑल इंडिया रैंक-1 हासिल कर देशभर में पहला स्थान प्राप्त किया। AIIMS जोधपुर से MBBS करने के बाद उन्होंने प्रशासनिक सेवा का रास्ता चुना। उनकी सफलता की कहानी मेहनत, ईमानदारी और स्पष्ट सोच का प्रेरणादायक उदाहरण है।
UPSC Result 2026: संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने 6 मार्च 2026 को सिविल सेवा परीक्षा का अंतिम परिणाम घोषित कर दिया। इस प्रतिष्ठित परीक्षा में राजस्थान के अनुज अग्निहोत्री ने ऑल इंडिया रैंक-1 (AIR-1) हासिल कर देशभर में पहला स्थान प्राप्त किया।
राजस्थान के छोटे से शहर रावतभाटा से निकलकर देश की सबसे कठिन परीक्षा में शीर्ष स्थान हासिल करना अनुज अग्निहोत्री की मेहनत, लगन और स्पष्ट सोच का परिणाम माना जा रहा है। उनकी सफलता की कहानी अब हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है।
छोटे शहर से देश के टॉपर तक का सफर
अनुज अग्निहोत्री का जन्म और शुरुआती पढ़ाई राजस्थान के रावतभाटा में हुई, जो अपने परमाणु ऊर्जा संयंत्र के लिए जाना जाता है। उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा भी यहीं से पूरी की।
इसके बाद उन्होंने AIIMS जोधपुर से MBBS की पढ़ाई की और वर्ष 2023 में डॉक्टर की डिग्री हासिल की। हालांकि मेडिकल क्षेत्र में करियर बनाने के बजाय उन्होंने प्रशासनिक सेवा में जाने का निर्णय लिया और सिविल सेवा की तैयारी शुरू कर दी।
तैयारी के दौरान ही उन्होंने दिल्ली, अंडमान और निकोबार सिविल सेवा (DANICS) जॉइन कर ली और प्रशिक्षण के दौरान भी अपनी तैयारी जारी रखी।
मॉक इंटरव्यू में दिखी प्रशासनिक सोच
तैयारी के दौरान दिए गए एक मॉक इंटरव्यू में अनुज अग्निहोत्री ने कई महत्वपूर्ण विषयों पर अपनी स्पष्ट राय रखी। इंटरव्यू पैनल ने उनसे शासन व्यवस्था, नागरिक अनुशासन, परमाणु ऊर्जा, पुलिसिंग और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसे मुद्दों पर सवाल किए।
जब उनसे रावतभाटा और उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के बीच अंतर के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि कई छोटे शहरों में साफ-सफाई और नागरिक अनुशासन की समस्या होती है, जिसे प्रशासन को जागरूकता और नियमों के जरिए सुधारना होगा।
उन्होंने कहा कि लोगों में बदलाव लाने के लिए सबसे पहले जागरूकता जरूरी है। उनके अनुसार यदि लोगों को यह समझाया जाए कि साफ-सफाई और नागरिक अनुशासन उनके स्वास्थ्य और जीवन के लिए जरूरी है, तो बदलाव संभव है।
जहां जवाब नहीं पता, वहां ईमानदारी से स्वीकार
अनुज अग्निहोत्री की एक खास बात यह रही कि इंटरव्यू के दौरान जब कुछ तकनीकी सवालों का जवाब उन्हें नहीं पता था, तो उन्होंने साफ कहा कि वह इस विषय को पढ़कर समझेंगे।
सिविल सेवा इंटरव्यू में यह ईमानदारी और स्पष्टता एक महत्वपूर्ण गुण माना जाता है, क्योंकि यहां केवल जानकारी ही नहीं बल्कि सोचने का तरीका और व्यक्तित्व भी देखा जाता है।
प्रशासन और नीति निर्माण में गहरी रुचि
अनुज ने बताया कि उन्हें हमेशा से लोगों के बीच रहकर काम करने और प्रशासनिक जिम्मेदारियां निभाने में रुचि रही है। यही वजह है कि उन्होंने DANICS जैसी सेवा को चुना, जहां अधिकारियों को सीधे जनता से जुड़कर काम करने का अवसर मिलता है।
उन्होंने पर्यावरण संरक्षण पर भी अपनी राय रखते हुए अरावली पर्वतमाला के महत्व पर जोर दिया। उनके अनुसार अरावली पहाड़ियां उत्तर भारत को मरुस्थलीकरण और प्रदूषण से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
सामाजिक मुद्दों पर संतुलित सोच
सामाजिक मुद्दों पर भी अनुज अग्निहोत्री का दृष्टिकोण संतुलित नजर आया। उदाहरण के तौर पर जब उनसे पूछा गया कि क्या शादी से पहले HIV टेस्ट अनिवार्य होना चाहिए, तो उन्होंने इसका विरोध किया।
उन्होंने कहा कि लोगों को जागरूक करना और स्वैच्छिक जांच को बढ़ावा देना बेहतर तरीका है, क्योंकि व्यक्तिगत स्वतंत्रता और गोपनीयता का सम्मान भी जरूरी है।
परमाणु ऊर्जा पर स्पष्ट राय
रावतभाटा जैसे परमाणु ऊर्जा केंद्र वाले शहर से आने के कारण अनुज अग्निहोत्री ने न्यूक्लियर एनर्जी के महत्व पर भी बात की। उनका मानना है कि भारत के भविष्य के ऊर्जा मिश्रण में परमाणु ऊर्जा की अहम भूमिका रहेगी, क्योंकि यह विश्वसनीय होने के साथ-साथ कम प्रदूषण पैदा करती है।
छोटे शहर से बड़ी उपलब्धि
मॉक इंटरव्यू के अंत में पैनल के एक सदस्य ने अनुज अग्निहोत्री की यात्रा को “छोटे शहर से राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने की उल्लेखनीय कहानी” बताया था। अब UPSC 2026 में ऑल इंडिया रैंक-1 हासिल कर अनुज ने इस यात्रा को एक ऐतिहासिक उपलब्धि में बदल दिया है। जल्द ही वह देश की सर्वोच्च प्रशासनिक सेवाओं के लिए प्रशिक्षण शुरू करेंगे और सार्वजनिक सेवा के क्षेत्र में नई जिम्मेदारियां निभाएंगे।
